आगरा। डॉ. भीमराव आम्बेडकर विश्वविद्यालय में आज बड़ा हादसा होने से टल गया। एक संस्थान की छत का प्लास्टर अचानक नीचे गिर गया। गनीमत रही यह छात्रों के ऊपर नहीं गिरा, नहीं तो कोई अनहोनी भी हो सकती थी। जिस समय प्लास्टर गिरा उस समय क्लास भी चल रही थी। जर्जर बिल्डिंग को देखकर छात्र-छात्राएं दहशत में हैं।
आईएसएस में पीएचडी शिक्षा शास्त्र के छात्र- छात्राओं की क्लास चलती है। आज शाम को क्लास चलने के दौरान एकदम छत का प्लास्टर तेजी से नीचे गिरा। प्लास्टर के गिरने से छात्र छात्राओं के बीच में दहशत फैल गई। वह अपनी जान बचाकर बाहर भागने लगे। गनीमत रही प्लास्टर किसी के सिर के ऊपर नहीं गिरा, नहीं तो कोई अनहोनी भी हो सकती थी। पूर्व में भी एक कर्मचारी के सिर पर छत गिर गई थी। विश्वविद्यालय की बिल्डिंग जर्जर होना शुरू हो गई है। विभागों में भी कर्मचारियों को बैठने में डर लगता है। रूसा का करोड़ों रुपए विश्वविद्यालय में विकास के लिए आया है लेकिन यह कहां लगा दिया गया, यह समझ से परे है। अगर विश्वविद्यालय के विभागों और संस्थानों को अच्छे तरीके से रिपेयर करा दिया जाता तो यहां हादसे नहीं होते।











