आगरा। बुधवार सुबह हॉस्पिटल में आग लगने पर हॉस्पिटल संचालक सहित उनके बेटे और बेटी की मौत हो गई है। मृतक चिकित्सक के पिता का आरोप है कि किसी ने साजिश के तहत हॉस्पिटल में आग लगाई है। पुलिस ने फोरेंसिक एक्सपर्ट की टीम को बुलाकर साक्ष्य जुटाए हैं। अधिकारियों का कहना है कि रिपोर्ट आने के बाद ही कुछ स्पष्ट हो सकेगा।
जगनेर रोड पर आर मधुराज हॉस्पिटल है। इसमें संचालक राजन अप्पर ग्राउंड फ्लोर पर अपने परिवार के साथ रहते हैं। अपर ग्राउंड फ्लोर पर ही पर दुकान बनी हुई है। दुकान के अंदर फोम रखी हुई मिली है। फाम में आग लगने पर दुकान में आग लगी है। ऐसी आशंका है, लेकिन फोम के अंदर आग कैसे लगी है। अभी तक स्पष्ट नहीं हुआ है। आग लगने पर संचालक चिकित्सक राजन उनके बेटे ऋषि, बेटी सिमरन की मौत हो गई है। तीन लोगों की मौत के बाद परिवार में कोहराम मचा हुआ है। मृतक के पिता गोपीचंद का कहना है कि अस्पताल परिसर में बनी दुकान में किसी ने साजिश के तहत आग लगाई है।
इंस्पेक्टर शाहगंज जसवीर सिरोही ने बताया कि फॉरेंसिक एक्सपर्ट की भी टीम बुलाई गई थी, उन्होंने भी साक्ष्य संकलन किया है। हालांकि अग्निसमन अधिकारी अभी यही बोल रहे हैं कि प्रथम दृष्टया आग का कारण शॉर्ट सर्किट है।
गूगल से निकाला अग्निशमन अधिकारियों का नंबर
आगरा। पड़ोसी दीन मोहम्मद ने बताया कि आग लगने पर उन्होंने अग्निशमन अधिकारियों का नंबर गूगल पर सर्च किया था। तब उन्हें एक नंबर मिला। इस नंबर पर उन्होंने कॉल कर जानकारी दी। दीन मोहम्मद ने अपने कुछ साथियों की मदद से अपर ग्राउंड फ्लोर पर बने घर में पहुंचे। वहां राजन फर्श पर पड़े हुए थे, उनकी बेटी सिमरन बेड पर थी और बेटा ऋषि बाथरूम में। तीनों को किसी तरीके से बाहर निकाला गया। बताया यह भी जा रहा है कि राजन सकुशल बाहर आ गए थे, लेकिन बच्चों को बचाने के लिए अंदर चले गए और बेहोश हो गए। जब तीनों लोगों की मौत की खबर उन्हें मिली तो उन्हें काफी दुख हुआ कि उनकी मेहनत असफल रही। इधर मरीजों की हालत भी कभी गंभीर बनी हुई है। शकुंतला देवी का पथरी का ऑपरेशन हुआ था। आज उनकी छुट्टी होने वाली थी कि सुबह घटना हो गई।












