आगरा। खंदौली थाना क्षेत्र में बुधवार सुबह एक युवती का जला शव मिला था। युवती की शिनाख्त कॉन्स्टेबल की बेटी के रूप में हुई थी। पुलिस ने हत्या करने वाले उसके प्रेमी और शव जलाने में साथ देने वाले उसके पिता को पकड़ लिया है।
खंदौली में बुधवार सुबह 4 बजे पुलिस गश्त कर रही थी। इसी दौरान जलेसर रोड पर आबिदगढ़ के सामने सड़क किनारे पुलिस को कुछ जलता हुआ दिखाई दिया। पुलिसकर्मी पास में पहुंचे तो उन्होंने देखा एक शव जल रहा था। तत्काल पुलिस कर्मियों ने आग बुझाई। चेहरे को छोड़कर पूरा शरीर जल चुका था। मृतका की शिनाख्त शाम को उसके पिता रामबाबू ने की। वीरपाल मथुरा में कॉन्स्टेबल के पद पर तैनात हैं। वीरपाल ने बताया कि उनकी बेटी खुशबू 30 मई से लापता थी। इस संबंध में 31 मई को थाना एत्माद्दौला में गुमशुदगी भी दर्ज कराई गई थी। इधर थानाध्यक्ष खंदौली आनंद वीर और एसओजी प्रभारी कुलदीप दीक्षित की टीम ने हत्या का खुलासा करने के लिए दिन रात एक कर दिए। जांच के दौरान उन्हें पता चला खुशबू को 30 मई को आशीष निवासी नवनीत नगर ने अपने घर पर बुलाया था। आशीष से पूछताछ की तो उसने बताया उसके माता-पिता गंगा स्नान करने के लिए गए थे। इसलिए उसने खुशबू को घर पर बुलाया था। किसी बात पर खुशबू से उसकी कहासुनी हो गई और उसने उसकी हत्या कर दी। हत्या करने के बाद उसने शव को घर में ही छुपा दिया। घर वापस लौटने पर माता-पिता ने आशीष से पूछा यह बदबू कैसे आ रही है। इसके बाद उसने अपने पिता मुकेश को बताया कि उसने खुशबू की हत्या कर ऊपर शव छिपा दिया है। 2 दिन से शव रखा हुआ है। पिता मुकेश और प्रेमी आशीष ने खुशबू के शव को एक रजाई में लपेटकर खंदौली क्षेत्र में ले जाकर उसमें आग लगा दी और भाग गए। एसएसपी सुधीर कुमार सिंह ने बताया कि दोनों हत्यारोपी पकड़ लिए गए हैं। आशीष ने खुशबू को अपने घर पर बुलाया था और उसकी हत्या कर दी।












