आगरा। 27 साल पुराने तेजाब फेंकने के मामले में ताजगंज थाना पुलिस विश्वविद्यालय पहुंची। पुलिस ने यहां अधिकारियों से छात्र का रिकॉर्ड मांगा है। बताया जा रहा है कि 2023 में सीपी के हस्तक्षेप के बाद थाना ताजगंज में मुकदमा लिखा गया था।
घटना 1997 की है। मोहल्ला गुम्मट की रहने वाली पीड़िता पर एसिड अटैक हुआ था। पीड़िता राजामंडी बाजार से वापस लौट रही थी। बीच रास्ते में ही पीड़िता का चेहरा सिरफिरे ने जला दिया था। जिस समय घटना हुई उस समय पीड़िता नाबालिग थी। पीड़िता ने पुलिस में शिकायत की लेकिन मुकदमा नहीं लिखा गया था। पीड़िता इंसाफ की आस छोड़ चुकी थी। 2023 में पूर्व सीपी डॉ. प्रीतिंदर सिंह से पीड़िता ने मुलाकात की। पीड़िता की फरियाद सुनने के बाद सीपी ने थाना ताजगंज में मुकदमा करने के आदेश दिए। 26 साल बाद मुकदमा दर्ज हुआ। पुलिस ने आरोपियों की पहचान और तलाश शुरू की। इसी तलाश में पुलिस के सामने कुछ नाम आए। पुलिस को जांच में पता चला कि आरोपी आगरा कॉलेज का छात्र था। इसी संबंध में जानकारी करने के लिए पुलिस विश्वविद्यालय पहुंची। जहां असिस्टेंट रजिस्ट्रार पवन कुमार से मुलाकात कर आरोपी पूर्व छात्र का रिकॉर्ड मांगा।











