आगरा। पुलिस कमिश्नर भ्रष्टाचार को लेकर बेहद गंभीर हैं, लेकिन पुलिसकर्मियों पर कोई असर नहीं पड़ रहा है। वह अपनी आदत से बाज नहीं आ रहे हैं। वह पीड़ितों से काम करने के बदले पैसे की डिमांड कर रहे हैं। बताया जा रहा है कि न्यू आगरा थाने के दीवानी चौकी प्रभारी ने वादी मुकदमा से पैसे की डिमांड की। पीड़ित के द्वारा ऑडियो अधिकारियों को सौंपे जाने पर उन्हें निलंबित कर दिया गया है।
दरोगा प्रेमचंद यादव दीवानी चौकी पर चौकी प्रभारी थे। किसी व्यक्ति के द्वारा एक मुकदमा दर्ज कराया गया। अधिकारियों से व्यक्ति ने शिकायत की कि दरोगा उन्हें लगातार परेशान कर रहा है। पैसे के चक्कर में उनका काम नहीं कर रहा है। उसके द्वारा लगातार पैसे की भी डिमांड की जा रही है। चर्चा है कि पैसे की डिमांड किए जाने का एक ऑडियो भी उसने अधिकारियों को सौंपा। प्रथम दृष्ट्या मामला सही पाए जाने पर चौकी प्रभारी दीवानी प्रेमचंद यादव को डीसीपी सिटी ने निलंबित कर दिया है। दरोगा के निलंबित होने के बाद विभाग में खलबली मच गई है। इधर न्यू आगरा थाने के एक और दरोगा की कार्य शैली सुर्खियों में छाई हुई है। वह भी पीड़ितों का जमकर उत्पीड़न कर रहा है। एक विवेचना में इतना बड़ा खेल हुआ है कि पूरे जिले में सुर्खियों में छाया हुआ है। किसी दिन उस पर भी गाज गिर सकती है। एसीपी सैयद अरीब अहमद ने दरोगा प्रेमचंद यादव के निलंबित होने की पुष्टि की है।











