आगरा। जनता के साथ ही प्रत्याशियों को जिस दिन का इंतजार था वह दिन चंद घंटे बाद आने वाला है। मंगलवार सुबह से ईवीएम में कैद प्रत्याशियों की किस्मत खुलना शुरू होगी। ब्रज की आगरा और अलीगढ़ मंडल की आठ सीटों पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं। इनमें लोकसभा सीट फतेहपुर सीकरी, फिरोजाबाद सीट पर मुकाबला रोचक बताया जा रहा है।
वर्ष 2019 लोकसभा चुनाव की बात करें तो केवल मैनपुरी लोकसभा सीट पर ही समाजवादी पार्टी जीत हासिल कर सकी थी। इस बार बीजेपी वहां जीत पाएगी या नहीं, यह देखने के लिए सभी उतावले हैं। भारतीय जनता पार्टी ने यहां से पर्यटन मंत्री जयवीर सिंह को मैदान में उतारा है। जानकार तो इस बार भी समाजवादी पार्टी को मजबूत मान रहे हैं। फिर भी कल इस बात का फैसला हो जाएगा कि सपा का पल्ला भारी रहा या बीजेपी का।
मथुरा सीट की बात करें तो हेमा मालिनी को तीसरी बार भाजपा ने मैदान में उतारा है। इस सीट पर हेमा मालिनी की हैट-ट्रिक पर अब सबकी नजर टिकी हैं। हेमा मालिनी ने इस सीट पर पहला चुनाव वर्ष 2014 में लड़ा और रालोद के जयंत चौधरी को करीब 3.30 लाख मतों के अंतर से हराया। 2019 में रालोद के कुंवर नरेंद्र सिंह सपा और बसपा के समर्थन से मैदान में थे। फिर भी हेमा मालिनी ही जीती थीं।
फतेहपुर सीकरी सीट पर भारतीय जनता पार्टी ने फिर से राजकुमार चाहर को मैदान में उतारा। यहां गठबंधन के प्रत्याशी रामनाथ सिकरवार से उनका मुकाबला है। रामनाथ सिकरवार को भी अच्छे वोट मिले हैं। इसलिए इस सीट पर कांटे की टक्कर बताई जा रही है। इस सीट पर भाजपा विधायक के बेटे रामेश्वर चौधरी भी निर्दलीय मैदान में उतरे थे।
आगरा लोकसभा सीट पर केंद्रीय मंत्री प्रोफेसर एसपी सिंह बघेल दूसरी बार जीतने के लिए बेकरार हैं। उनका मुकाबला बहुजन समाज पार्टी की पूजा अमरोही से बताया जा रहा है।
अलीगढ़ से भाजपा के सतीश गौतम को तीसरी बार मैदान में उतारा गया है।
इसके साथ ही हाथरस में प्रदेश के राजस्व मंत्री अनूप बाल्मीकि मैदान में हैं।
एटा की बात करें तो भारतीय जनता पार्टी ने पूर्व मुख्यमंत्री कल्याण सिंह के बेटे राजू पर फिर से भरोसा जताया। यहां से समाजवादी पार्टी ने देवेश शाक्य और बहुजन समाज पार्टी ने एडवोकेट मोहम्मद इरफान को उतारा। राजवीर सिंह दो बार सांसद रह चुके हैं और इस बार हैट्रिक पर निगाहें गड़ाए हुए हैं।
फिरोजाबाद लोकसभा सीट की बात करें तो यहां पर पिछली बार भारतीय जनता पार्टी के प्रत्याशी चंद्रसेन जादौन जीते थे। इस बार भारतीय जनता पार्टी ने विश्वदीप सिंह को टिकट दिया है। उनका मुकाबला समाजवादी पार्टी के पूर्व सांसद अक्षय यादव से है। यहां पर कांटे की टक्कर बताई जा रही है।











