आगरा। पुलिस कमिश्नर थाने में पीड़ित की एक बार में सुनवाई के आदेश दे रहे हैं लेकिन थाना प्रभारी उनके आदेशों को नहीं मान रहे। आलम यह है कि मेडिकल होने के बाद भी मुकदमा दर्ज नहीं हो रहे हैं। ताजगंज थाना क्षेत्र में रहने वाले एक व्यक्ति पर हमला हुआ। पुलिस ने उसका मेडिकल भी कराया लेकिन मुकदमा दर्ज नहीं किया जा रहा है जबकि जिला अस्पताल से उसका मेडिकल भी कराया गया था। पीड़ित का आरोप है कि जब वह इंस्पेक्टर से मुकदमा दर्ज करने के संबंध में मिला तो उन्होंने कहा कि मुकदमा नहीं लिखा जाएगा, आरोपियों से समझौता कर लो। अगर समझौता नहीं किया तो तुम्हारे खिलाफ ही मुकदमा लिख दिया जाएगा। पीड़ित ने डीजीपी को पत्र लिखकर शिकायत की है कि एक आरोपी से इंस्पेक्टर के संबंध हैं। अगर उसे न्याय नहीं मिला तो वह अपने पूरे परिवार के साथ आत्महत्या करेगा जिसके जिम्मेदार इंस्पेक्टर जसवीर सिरोही और पुलिस होगी।
मोहित उर्फ चुन्नू पुत्र जगदीश प्रसाद निवासी महुआखेड़ा ने डीजीपी को लिखे शिकायती पत्र में कहा है कि मलखान यादव, सपा नेता वीरेंद्र यादव, अजय ने जान से मारने की नीयत से उसके ऊपर तमंचे से फायर किया और तमंचे की बट उसके सिर में मारी। इस संबंध में उसने ताजगंज थाने में प्रार्थना पत्र दिया। जब वह प्रार्थना पत्र को लेकर इंस्पेक्टर जसवीर सिरोही के पास गया तो उन्होंने कहा समझौता कर लीजिए। अगर समझौता नहीं किया तो तुम्हारे खिलाफ ही मुकदमा लिख दिया जाएगा। उन्होंने अपनी शिकायत में यह आरोप लगाया है कि मौजूदा इंस्पेक्टर समाजवादी पार्टी की सरकार में ताजगंज थाने में सब इंस्पेक्टर के रूप में तैनात रहे हैं। उनके संबंध आरोपी सपा नेता वीरेंद्र यादव से हैं। उनके पास डॉक्टरी रिपोर्ट भी है। फिर भी उनका मुकदमा दर्ज नहीं किया जा रहा है। प्रार्थना पत्र में उन्होंने लिखा है कि अगर उनकी शिकायत दर्ज नहीं की गई तो वह परिवार के साथ आत्महत्या करेंगे। इसके जिम्मेदार इंस्पेक्टर जसबीर सिरोही और पुलिस होगी। इधर मामले में इंस्पेक्टर जसवीर सिरोही का कहना है कि प्रधानी रंजिश को लेकर मामला है। मोहित मोटरसाइकिल से फिसल कर गिर गया था उसमें उसके चोट लगी है।












