आगरा। चांदी कारीगर के साथ लूट नहीं हुई थी, उसने कर्जा चुकाने के लिए लूट की फर्जी साजिश रची थी। पुलिस ने गुरुवार को इस बात का खुलासा कर दिया है। पुलिस को गुमराह करने के लिए चांदी कारीगर के ऊपर मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेज दिया गया।
नवलगंज निवासी रिंकू पुत्र सोहन बाबू ठेके पर चांदी की पायल आदि बनाने का काम करता थे। बुधवार शाम उसने पुलिस को सूचना दी कि 4:00 बजे वह घर से एक्टिवा पर माल लेकर पार्टी को देने जीवनी मंडी की ओर जा रहा था। इसी दौरान पीछे अपाचे बाइक पर सवार होकर दो बदमाश आए। एत्माद्दौला थाने के पीछे आंखों में मिर्च झोंक कर उसका थैला लूटकर भाग गए। थैले में करीब 32 किलो चांदी थी। पत्रकार वार्ता में खुलासा करते हुए एसएसपी सुधीर कुमार सिंह ने बताया कि रिंकू का मेडिकल कराया गया था। मेडिकल में उसकी आंखों में मिर्च नहीं आई। इसके बाद उस पर ही पुलिस को शक हुआ। जब उससे पूछताछ की गई तो उसने बताया कि उसके ऊपर काफी कर्जा है, उसे चुकाने के लिए उसने लूट की फर्जी साजिश रची। रिंकू ने बताया कि उसके ऊपर कभी 15 लाख रुपए का कर्जा था। पत्रकार वार्ता में एसपी सिटी विकास कुमार, सीओ छत्ता सुकन्या शर्मा, इंस्पेक्टर एत्माद्दौला सत्यदेव शर्मा आदि मौजूद रहे।











