आगरा। प्रेमिका के साथ अनबन होने पर प्रेमी उसकी दो साल की मासूम बच्ची को अगवा कर ले गया। नागपुर में ले जाकर वह उसके साथ अनहोनी करने की रणनीति बना रहा था। बच्ची के अपहरण होने की घटना को इंस्पेक्टर कमला नगर आनंदवीर सिंह ने गंभीरता से लिया। फिल्मी स्टाइल में आरोपी का उन्होंने पीछा कराया। उनके प्रयासों की वजह से बच्ची की जान तो बची ही साथ में आरोपी भी गिरफ्तार कर लिया गया। बेटी से मिलने के बाद मां का रो-रो कर बुरा हाल था। वह इंस्पेक्टर का धन्यवाद करते हुए नहीं थक रही थी।
भरतपुर निवासी महिला पति से विवाद के बाद तीन बच्चों को लेकर आगरा में रह रही हैं। दो साल से उनकी दोस्ती फिरोजाबाद के रोहित से हो गई। महिला रोहित के साथ अपनी दो साल की बच्ची को लेकर किराये के मकान में रहने लगीं। 15 जनवरी को महिला ने पुलिस को सूचना दी। बताया कि वह अपनी बीमार बहन को देखना चाहती थी मगर रोहित मना कर रहा था। इस पर दोनों के बीच अनबन हो गई। रोहित बेटी का अपहरण कर ले गया है।थाना प्रभारी आनंद वीर सिंह ने सूचना मिलते ही तत्काल अपहरण का मुकदमा दर्ज किया और उसकी बारामदगी के प्रयास शुरू कर दिए। बच्ची को ढूंढना आसान नहीं था। क्योंकि फिरोजाबाद में आरोपी अपने घर भी नहीं पहुंचा था। 16 जनवरी को रोहित ने एक यात्री के नंबर से कॉल किया। महिला को धमकाया। नंबर तमिलनाडु एक्सप्रेस में बैठे यात्री का था। फोन आने से पुलिस को जानकारी मिल गई। पुलिस ने उस नंबर को ट्रेस किया तो पता चला ट्रेन चेन्नई जा रही थी। यात्री दिल्ली से बैठा था। भोपाल में उतर गया। इस पर टीम को लगाया गया। वहीं जीआरपी को जानकारी दी गई। पहले भोपाल जीआरपी ने आरोपी को पकड़ने की कोशिश की, लेकिन ट्रेन भोपाल स्टेशन से निकल गई थी। बाद में जीआरपी नागपुर की मदद ली गई। बृहस्पतिवार को बच्ची को बरामद कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया। बच्ची के बरामद होने के बाद उसकी मां ने पुलिस का धन्यवाद किया। इधर इंस्पेक्टर ने उन्हें यह भी समझाया कि वह अपने पति के ही साथ रहें। महिला ने उनकी बात मान ली और पति के साथ रहने के लिए तैयार हो गई है। इधर इंस्पेक्टर ने जब बच्ची को चॉकलेट दिया तो वह भी खुश हो गई। वह उनकी गोदी को नहीं छोड़ रही थी। बच्ची ने उनसे थैंक्यू अंकल भी कहा।











