आगरा। पिछले दिनों शहर की 10 प्रमुख सड़कों को अतिक्रमण मुक्त करने के निर्देश दिए गए थे। इस निर्देश का कितना पालन हुआ, इसको जांचने के लिए मंगलवार को मंडलायुक्त रितु माहेश्वरी, पुलिस कमिश्नर डॉ.प्रीतिंदर सिंह और जिलाधिकारी भानु चन्द्र गोस्वामी ने निरीक्षण किया। इस दौरान फल मंडी में हर दुकानदार के पास पॉलीथिन मिलने पर कमिश्नर और डीएम ने नगर निगम के अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई।
मंडलायुक्त सहित सभी अधिकारियों ने निरीक्षण की शुरुआत माल रोड जीपीओ चौराहे से की। जहां कोई वेंडर सड़क पर नहीं पाया गया। जानकारी करने पर बताया गया कि वेंडर्स को हटा दिया गया है। डीएम ने पूछा कि हटा कर कहां स्थापित किया है, अधिकारी इसका जवाब नही दे सके। डीएम ने कहा कि वेंडर्स का भी परिवार है, जीविका के लिए वह यहां से हटने पर कही अन्य स्थान पर दुकान लगाएंगे। मंडलायुक्त ने पीओ(डूडा) को तलब किया। उन्होंने बताया कि शहर में 03 जोन हैं तथा 05 जोन के लिए प्रस्ताव तैयार किया जा रहा है। कुल वेंडर्स की संख्या पूछे जाने पर बताया गया कि कुल 80 हजार पंजीकृत वेंडर्स है।
इस पर जीपीओ के पास शहीद अशफाक उल्ला चौराहे से प्रतापपुरा साइड रिक्त स्थान पर वेंडर्स को जगह चिह्नित करने, पीएम स्वनिधि से लोन तथा साफ सफाई के लिए उनकी स्किल ट्रेनिंग कराने तथा डस्टबिन रखवाने के लिए पीओ डूडा तथा नगरनिगम के अधिकारियों को निर्देश दिए। प्रतापपुरा चौराहा पर मोटर गैराज, दुकानों के आगे अतिक्रमण को हटाने, दुकानदारों को नोटिस देने के निर्देश दिए। इसके बाद सभी सदर बाजार पहुंचे। सदर बाजार में सौदागर लाइन को व्हीकल फ्री, अवैध वेंडर्स को हटाने, पार्किंग के लिए व्यवस्थित जगह चिह्नित करने, साइनेज, वॉल पेंटिंग, तारों को व्यवस्थित करने के लिए कहा। ग्वालियर रोड का निरीक्षण किया। यहां लगने वाली फल मंडी में गंदगी और जूस व फल के ठेलों पर खुलेआम पॉलीथिन का प्रयोग होते मिला। डीएम ने स्वयं वेंडर्स के ठेल से पॉलीथिन की गड्डियां निकाली। मौके पर ही नगर निगम के अधिकारियों को कड़ी फटकार लगाई। फल विक्रेताओं को पॉलीथिन के प्रयोग से होने वाले दुष्प्रभाव बताए तथा जागरूक किया। मंडलायुक्त ने कहाकि बहुत बुरा हाल है। न पॉलीथिन पर बैन है, न ही सफाई है। इसे बंद कराएं। मधु नगर, बुंदु कटरा चौराहे तक दुकानों के आगे अतिक्रमण को देख कर मंडलायुक्त ने सख्त नाराजगी व्यक्त की।











