आगरा। सिकंदरा थाना क्षेत्र में पांच दिन पहले बुजुर्ग की हुई हत्या और लूट का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। घटना को नौकरों ने ही अंजाम दिया था।
एडिशनल डीसीपी सिटी आदित्य कुमार ने बताया कि 20 सितम्बर की सुबह वादी को सूचना मिली कि उसके पिता राज कुमार की हत्या कर दी गई है। उस समय वह फिरोजाबाद में था। घर पहुंचकर उसने देखा कि पिता का शव लहूलुहान हालत में पड़ा है। अलमारियां टूटी हुई थीं और जेवरात गायब थे। प्रारंभिक जांच में पुलिस ने अज्ञात चोरों पर हत्या और लूट का शक जताया। जांच पड़ताल के बाद पुलिस ने प्रशांत सविता पुत्र राजकुमार सविता निवासी रेहना, थाना उत्तर फिरोजाबाद और संकित सविता पुत्र रामदत्त सविता निवासी रेहना, थाना उत्तर फिरोजाबाद को यूपीएसआईडीसी रोड से दबोच लिया। पूछताछ में उन्होंने हत्या की बात कबूल की। पुलिस ने अभियुक्तों की निशानदेही पर हत्या में प्रयुक्त चाकू भी झाड़ियों से बरामद कर लिया। पूछताछ में दोनों ने बताया कि वे मृतक को पहले से जानते थे और उसके यहां काम भी करते थे। वारदात वाले दिन मृतक के साथ बैठकर शराब पी और फिर लूट की योजना पर अमल किया। जब राजकुमार ने विरोध किया तो चाकुओं से गोदकर उसकी हत्या कर दी। अलमारियों से जेवरात व नकदी लेकर भाग निकले। इतना ही नहीं, मृतक की सिम से उन्होंने यूपीआई एक्टिवेट कर 40 हजार रुपये मृतक के खाते से अपने खाते में ट्रांसफर कर लिए और खर्च कर डाले।खुलासा करने वाली टीम में इंस्पेक्टर प्रदीप कुमार त्रिपाठी, सर्विलांस प्रभारी अभिषेक तिवारी, एसओजी प्रभारी सोहनपाल सिंह, एसआई प्रदीप कुमार शर्मा आदि शामिल रहे।











