आगरा। साहब मैं चीन सीमा पर तैनात हूं। वहां देश की सीमा की रक्षा कर रहा हूं। मेरे प्लाट पर किसी दूसरे व्यक्ति ने कब्जा कर लिया है। कब्जा होने की जानकारी होने पर छुट्टी लेकर आया हूं। छह दिन थाने, चौकी और आपके कार्यालय के चक्कर काटने में निकल गए। अभी तक कोई सुनवाई नहीं हुई। यह पीड़ा प्रेम सिंह नामक हवलदार ने पुलिस आयुक्त डॉ. प्रीतिंदर सिंह के सामने व्यक्त की।
प्रेम सिंह ने बताया कि वह भारतीय सेना में हवलदार हैं। वर्ष 2013 में उन्होंने ताजगंज के सेमरी रोड पर एक प्लॉट 18 लाख रुपये में खरीदा था। इस पर किसी ने कब्जा कर लिया। जब उन्हें इसकी जानकारी हुई तो वह सात दिन की छुट्टी लेकर आए। शिकायत सुनने के बाद पुलिस आयुक्त ने उन्हें थाने में भेज दिया और प्रार्थना पत्र पर इंस्पेक्टर को कार्रवाई के लिए लिखा। प्रेम सिंह की थाने में इंस्पेक्टर से मुलाकात नहीं हो पाई। अन्य पुलिसकर्मियों ने उनको थाने से ही कई बार टहला दिया। सोमवार को वह फिर पुलिस आयुक्त से शिकायत करने पहुंचे। पुलिस आयुक्त ने उसे पहचान लिया। कमिश्नर बोले कि अभी तुम्हारा काम नहीं हुआ। इस पर पीड़ित ने कहा कि साहब कोई सुनवाई नहीं हो रही। मेरी मदद कर दीजिए। पुलिस आयुक्त भी चिंतित हुए कि छुट्टी में एक दिन बचा है और उनकी कोई मदद नहीं हो पाई। इसके बाद उन्होंने इंस्पेक्टर को स्वयं मौके पर जाने के निर्देश दिए। इंस्पेक्टर ने बताया कि वे मौके पर गए थे उन्हें कब्जा मिला है, उन्होंने कब्जा करने वालों को दो दिन के अंदर कब्जा खाली कराने की चेतावनी दी है। कब्जा नहीं छोड़ने पर आरोपियों खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाएग।
एसीपी पर प्रतिकूल टिप्पणी को कोर्ट ने लिया वापस, मिली राहत की सांस
आगरा। थाना इरादत नगर में दर्ज पॉक्सो और एससी-एसटी एक्ट के एक मुकदमे में विवेचक एसीपी शमसाबाद इमरान अहमद का...











