आगरा। राजभवन के द्वारा डॉ. भीमराव आम्बेडकर विश्वविद्यालय में कुलपति पद के चयन के लिए विज्ञापन जारी कर दिया गया है। विज्ञापन कुलपति के कार्यकाल खत्म होने से करीब चार महीने पहले निकाल दिया गया है। यह बात सुर्खियों में छाई हुई है। लोग इसके पीछे तरह-तरह के मायने निकाल रहे हैं।
एक अक्टूबर 2022 को कुलपति प्रोफेसर आशु रानी के द्वारा डॉ. भीमराव आम्बेडकर विश्वविद्यालय के कुलपति पद पर चार्ज ग्रहण किया गया था। अभी उनका कार्यकाल खत्म होने में करीब चार महीने बचे हुए हैं। इधर अपर मुख्य सचिव राज्यपाल की ओर से कुलपति पद पर नियुक्ति के लिए विज्ञापन जारी कर दिया गया है। आवेदन की अंतिम तिथि सात जुलाई रखी गई है। विज्ञापन निकलने के बाद शिक्षाविदों के बीच में चर्चा है कि सामान्य तौर पर देखा गया है कि वर्तमान कुलपति के कार्यकाल खत्म होने के दो महीने पहले विज्ञापन निकलता है। करीब चार महीने पहले निकलता विज्ञापन उनके बीच चर्चा का विषय बन गया है। वर्तमान में विश्वविद्यालय से कार्य विरत किए गए अधिवक्ता का मामला सुर्खियों में छाया हुआ है। उन्होंने विश्वविद्यालय में भ्रष्टाचार और कमीशन मांगे जाने की शिकायत की है। क्या उनकी शिकायत के बाद यह विज्ञापन निकाला गया है? या यह रूटीन में निकला है? इस बात की जानकारी करने में सभी जुटे हुए हैं।











