-गौरव प्रताप सिंह-
आगरा/दिल्ली। मथुरा- वृन्दावन के विकास से संबंधित विभिन्न परियोजनाओं पर विचार विमर्श करने के लिए आज दिल्ली में सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी के आवास पर एक बैठक हुई। इसमें कुछ परियोजनाओं से संबंधित अहम निर्णय लिए गए। इन परियोजनाओं के शुरू होते ही मथुरा और वृंदावन का और भी भव्य रुप देखने को मिलेगा। बैठक में भाग लेने के लिए लखनऊ से मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ भी पहुंचे।
बता दें कि मथुरा वृंदावन के विकास को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ बेहद गंभीर हैं। मथुरा-वृंदावन के विकास के लिए उन्होंने ब्रज तीर्थ विकास परिषद का भी गठन कर रखा है। मुख्यमंत्री ने यहां दो ईमानदार अधिकारियों को विकास कराने की जिम्मेदारी दी है, जिनमें एक रिटायर्ड आईपीएस शैलजा कांत मिश्रा और दूसरे आईएएस नगेंद्र प्रताप हैं।
आज दिल्ली में मंत्री नितिन गडकरी के आवास पर हुई बैठक में ब्रज चौरासी कोस परिक्रमा मार्ग के विकास के स्वरूप पर विस्तार से विचार-विमर्श हुआ। तय किया गया कि परिक्रमा मार्ग को दो लेन एवं चार लेन जहां जैसी भूमि उपलब्ध हो उसके आधार पर विकसित किया जाएगा। परिक्रमा मार्ग में पक्की सड़क के साथ-साथ कच्ची पटरी विकसित की जाएगी, जिससे श्रृद्धालु पैदल परिक्रमा कर सकें। कच्चे पथ के ऊपर घास का रोपण भी किया जाएगा जिससे कि गर्मियों में सुविधा जनक तरीके से परिक्रमा की जा सके। दूसरी परियोजना मथुरा-वृन्दावन, गोवर्धन बाईपास बनाए जाने की थी। यह परियोजना उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद द्वारा प्रस्तुत ब्रज तीर्थ पथ परियोजना एवं गोवर्धन कनेक्ट परियोजना का एकीकृत रूप है। जैत गांव से वृन्दावन पहुंचते हुए यमुना जी के दूसरे तट पर वृन्दावन से मथुरा एवं मथुरा से गोकुल, गोकुल से वापस नेशनल हाईवे को रिफाइनरी के पास जोड़ा जाएगा। इस पथ में स्थान-स्थान पर ब्रिज बनाकर दर्शनार्थियों को बिहारी जी, द्वारिकाधीश आदि जगहों पर पहुंचने का मार्ग उपलब्ध कराये जाने की योजना है। इस परियोजना में दो जगह यमुना नदी पर ब्रिज बनाये जाने का प्राविधान है, जो कि 6 लेन आकार के होंगे।

दूसरी ओर छटीकरा से गोवर्धन होते हुए गोवर्धन ड्रेन की दोनों पटरियों का प्रयोग करते हुए हिन्दुस्तान कॉलेज के पास नेशनल हाईवे को कनेक्ट किया जाएगा, जिससे कि आगरा से आने वाले श्रद्धालु सीधे गोवर्धन पहुंच सकें।
मथुरा-वृन्दावन रेल मार्ग परियोजना पर विचार-विमर्श किया गया। रेल मंत्री अश्वनी वैष्णव द्वारा अवगत कराया गया कि इस परियोजना पर कार्य हेतु मण्डल रेल प्रबन्धक आगरा के यहां गति शक्ति यूनिट स्थापित कर दी गई है। वह शीघ्र ही मथुरा-वृन्दावन लाईट रेल बनाए जाने के लिए डीपीआर बनाने का कार्य करेगी। इससे श्रृद्वालु बिना ट्रैफिक, जाम से सुगमता से मथुरा से वृन्दावन आ-जा सकेंगे।
पर्यटन एवं संस्कृति मंत्री जी किशन रेड्डी से ब्रज तीर्थ विकास परिषद के उपाध्यक्ष शैलजा कांत मिश्रा ने अनुरोध किया कि ब्रज तीर्थ विकास परिषद द्वारा चन्द्रसरोवर गोवर्धन, रसखान समाधि महावन पर एक-एक ओपन एयर थिएटर बनाया गया है। इसके साथ ही गीता शोध संस्थान वृन्दावन में एक हजार फीट का ऑडिटोरियम बनाया गया है। इन स्थानों को संस्कृति मंत्रालय भारत सरकार के वार्षिक कैलेंडर में प्रत्येक वर्ष दो-दो समारोह आयोजित किए जाने उपयुक्त होंगे। इससे ब्रज क्षेत्र में आने वाले श्रद्धालुओं को ब्रज संस्कृति और लीला स्थलों से परिचित कराया जा सकेगा। मंत्री द्वारा इस पर सहमति जताई गई।
बैठक में पत्तन जहाज रानी जलमार्ग मंत्री सर्वानंद सोनेवाल, अपर मुख्य सचिव अवनीश कुमार अवस्थी, ब्रज तीर्थ विकास परिषद के उपाध्यक्ष शैलजा कांत मिश्रा, प्रमुख सचिव पर्यटन मुकेश मेश्राम, ब्रज तीर्थ विकास परिषद के मुख्य कार्यपालक अधिकारी नगेंद्र प्रताप आदि उपस्थित रहे।











