आगरा। शुक्रवार को संभागीय परिवहन प्राधिकरण की बैठक में ट्रैफिक सुधार को लेकर कई अहम निर्णय लिए गए। आगरा में ट्रैफिक व्यवस्था सुधार को डीसीपी ट्रैफिक की अध्यक्षता में कमेटी बनेगी, अहम निर्णय यह लिया गया।
बैठक में मंडलायुक्त के समक्ष प्राधिकरण द्वारा विगत पांच माह में आगरा मंडल में जारी नए परमिट, परमिट नवीनीकरण, वाहन प्रतिस्थापन, परमिट निरस्तीकरण आदि का विवरण प्रस्तुत किया गया। जिसमें बताया गया कि जनपद आगरा में विभिन्न श्रेणी के वाहनों के नये जारी परमिटों की संख्या 957, फिरोजाबाद में 711, मथुरा में 820 और मैनपुरी में 484 हैं। कुबेरपुर से नोएडा सेक्टर-37 वाया परीचौक पर एक आवेदक के परमिट आवेदन पर विचार किया गया। विभिन्न तथ्यों पर सम्यक विचारोपरान्त परमिट जारी करने, स्थायी सवारी गाड़ी के परमिट हस्तान्तरण के आवेदन पर विचार किया गया। हस्तान्तरण की स्वीकृति प्रदान करते हुए आयुक्त द्वारा निर्देश दिए गये कि दोनों पक्षों से एफिडेविट लेते हुए नियमानुसार कार्यवाही की जाए। मार्ग राया-नौहझील वाया सुरीर पर एक निजी ऑपरेटर द्वारा परमिट जारी रखने हेतु आवेदन दिया गया। आवेदनकर्ता द्वारा प्रस्तुत प्रपत्रों का परीक्षण किया तथा क्षेत्रीय प्रबंधक रोडवेज के तर्कों को सुना गया। इस प्रकरण में उच्च न्यायालय में योजित वाद के दृष्टिगत न्यायाधिकरण के आदेश का अनुपालन करते हुए यथास्थिति बनाये रखने को उचित समझते हुए परमिट जारी रखने की स्वीकृति प्रदान की गयी।
बैठक में अवगत कराया गया कि मथुरा-वृंदावन नगर निगम केन्द्र में दिनांक 19.12.2016 तक 3035 सीएनजी ऑटो परमिट जारी किए गए थे तत्पश्चात नवीन परमिट जारी करने पर रोक लगा दी गई थी। बार बार अवगत कराए जाने के बाद भी मथुरा- वृंदावन केन्द्र से संचालित सीएनजी ऑटो रिक्शा धारकों द्वारा न तो अपने परमिटों का नवीनीकरण कराया गया और न ही अपने वाहनों की फिटनेस करायी गयी।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी प्रभारी जिलाधिकारी प्रतिभा सिंह, उप परिवहन आयुक्त विदिशा सिंह, आरटीओ अरुण कुमार, एआरटीओ एनसी शर्मा, आलोक अग्रवाल, क्षेत्रीय प्रबंधक रोडवेज बीपी अग्रवाल सहित अन्य अधिकारी मौजूद रहे।











