आगरा। टोरेंट पावर के अधिकारी से मारपीट और बलवे में इटावा से भाजपा सांसद राम शंकर कठेरिया को मिली दो वर्ष की सजा गुरुवार को जिला जज विवेक संगल ने निरस्त कर दी। फैसले के बाद सांसद का चेहरा खुशी से खिल उठा। समर्थक भी खुशी से झूम उठे।
टोरेंट पावर के सुरक्षा निरीक्षक समेधी लाल ने 16 नवंबर 2011 को हरीपर्वत थाने में बलवे और मारपीट की धारा में सांसद राम शंकर कठेरिया सहित अज्ञात समर्थकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया था। विवेचना के बाद पुलिस ने सिर्फ सांसद रामशंकर कठेरिया के विरुद्ध आरोप पत्र न्यायालय में प्रेषित किया था। एमपी/एमएलए कोर्ट ने 11 वर्ष पुराने मामले में पांच अगस्त 2023 को सांसद राम शंकर कठेरिया को दो वर्ष की सजा और जुर्माने से दंडित किया था। बचाव पक्ष के अधिवक्ताओं ने निर्णय को एकपक्षीय बताते हुए जिला जज की अदालत में अपील दायर की थी। जिला जज ने सात अगस्त 2023 को सजा पर रोक लगा दी। मुकदमे में अभियोजन और बचाव पक्ष अधिवक्ताओं में बहस पूरी हो चुकी थी। गुरुवार दोपहर तीन बजे सांसद राम शंकर कठेरिया अपने अधिवक्ताओं के साथ जिला जज की अदालत में हाजिर हुए। जिला जज ने सजा रद्द करने का फैसला सुनाया।










