आगरा। मलपुरा क्षेत्र में एक युवक की मौत का थाना पुलिस को जिम्मेदार ठहराया जा रहा है। जिस युवक की हत्या का पुलिस पर आरोप लगाया जा रहा है उसका शव चौकी के पास एक नाले में मिला है। परिजनों का आरोप है कि सड़क पर जन्मदिन मना रहे युवकों को पुलिसकर्मियों ने दौड़ाया था। पकड़ने के बाद उन्हें रिश्वत के लिए पीटा गया था। इसके बाद रिश्वत लेकर उन्हें छोड़ दिया गया। एक युवक लापता रहा जिसका शव दो दिन बाद नाले में मिला है। परिजनों का कहना है पुलिस ने युवक की हत्या की है।
बताया जा रहा है सोमवार को नगला प्यारे निवासी वरुण का जन्मदिन था। गांव के दो दर्जन युवक बर्थडे मनाने के लिए जमा हुए थे। नगला प्यारे सोहल्ला रेलवे फाटक सदर थाना क्षेत्र में पड़ता है। यह मलपुरा थाने का बार्डर है। सभी लड़के मलपुरा की धनौली पुलिस चौकी के निकट केएल गार्डन के पास सड़क पर केक काट रहे थे। आरोप है कि पुलिस ने वहां आकर युवकों को खदेड़ना शुरू कर दिया। जो मिला उसे पीटा। आधा दर्जन से अधिक युवकों को पुलिस पकड़कर अपने साथ धनौली चौकी पर ले गई। वरुण के पकड़े जाने की जानकारी मिलने पर उसके अन्य साथी भी बूथ पर पहुंच गए। पुलिस से युवकों को छोड़ने की मांग करने लगे। आरोप है कि इस दौरान पुलिसकर्मियों ने डंडे उठा लिए। इससे मौके पर भगदड़ हो गई। युवक जान बचाकर इधर-उधर भागने लगे। आरोप है कि पुलिसकर्मी भी युवकों के पीछे करीब 50 मीटर तक दौड़े। घायल शिवम भी भागा। पुलिस ने उसे अस्पताल में भर्ती कराने की जगह फिर से दौड़ाया। इधर पुलिस ने फिर से युवकों को पकड़ लिया। पुलिस ने वसूली के बाद एक-एक करके लड़कों को छोड़ दिया। उनसे करीब 32 हजार रुपये वसूले। शिवम के पिता प्रेमपाल सिंह ने बताया कि बेटा देर रात तक घर नहीं आया तो उन्हें चिंता हुई। बेटे की तलाश में जुट गए। उसका कोई सुराग नहीं मिला। सदर थाने गए। पुलिस को तहरीर दी। पुलिस ने बेटे के अपहरण का मुकदमा दर्ज कर लिया। बुधवार को उन्हें सूचना मिली कि धनौली पुलिस चौकी के पास नाले में एक शव मिला है। शव उनके लापता बेटे का निकला। बेटे के सिर पर चोट का निशान था। उनका बेटा आखिर नाले में कैसे गिर गया? धनौली पुलिस चौकी ने किस नियम के तहत लड़कों को छोड़ने के एवज में अवैध वसूली की? यह सवाल उनके द्वारा खड़े किए जा रहे हैं और जांच की मांग की जा रही है। उनकी मांग है कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। चौकी पर सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। सीसीटीवी फुटेज सुरक्षित किए जाएं। वहीं दूसरी तरफ पुलिस यह कहकर अपनी सफाई दे रही है कि पकड़े गए लड़के नाबालिग थे। इसलिए घरवालों के सुपुर्द कर दिया। पुलिस की मौजूदगी में एक युवक ने बताया कि उसे छोड़ने के एवज में भी छह हजार रुपये लिए थे। यह सुनकर पुलिस कर्मी खामोश हो गए। वहीं नाले में शव मिलने पर पुलिस यह कहने लगी कि नाले में भागते समय गिर गया होगा। हैरानी की बात यह है कि नाला कवर है। उसके ऊपर खोखे रखे हुए हैं। ऐसे में शिवम नाले में कैसे गिर पड़ा? यह सवाल भी उठ रहा है। सवाल यह भी खड़े हो रहे हैं कि मंगलवार को सदर पुलिस ने इस मामले में छानबीन की होती तो पता चल जाता कि मलपुरा क्षेत्र में लड़के सड़क पर जन्मदिन का केक काट रहे थे। मलपुरा पुलिस ने उन्हें खदेड़ा था। बुधवार को संयोग से किसी की शव पर नजर पड़ गई। पुलिस को सूचना दे दी। जिस जगह शव मिला वहां से धनौली पुलिस चौकी चंद कदम की दूरी पर है। ग्रामीणों ने पुलिसकर्मियों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए बूथ पर जमकर हंगामा किया। आक्रोशित लोगों ने मार्ग जाम करने का प्रयास भी किया। मृतक के पिता ने पुलिसकर्मियों पर बेटे की हत्या किए जाने का शक जताते हुए तहरीर दी है। वहीं शाम सात बजे शव पहुंचने के बाद आक्रोशित भीड़ फिर हंगामा करने लगी।
कमिश्नरेट पुलिस पर लगातार भ्रष्टाचार के आरोप बढ़ रहे हैं लेकिन भ्रष्टाचार का मुकदमा दर्ज नहीं हो रहा। लीपापोती कर मामले रफा दफा किए जा रहे हैं। दो दिन पहले जिले में आए प्रभारी मंत्री को भी आगरा की स्थिति के बारे में जनप्रतिनिधियों ने बताया था तो उनके होश उड़ गए थे। प्रभारी मंत्री को बताया गया था की जमकर भ्रष्टाचार हो रहा है पुलिस बिना लेनदेन के किसी का काम नहीं कर रही है। कार्यकर्ताओं से भी पैसे लिए जा रहे हैं। अधिकारियों से शिकायत पर वह लीपापोती कर देते हैं।











