आगरा। फतेहपुर सीकरी में गुरुवार को खूनी संघर्ष में एक व्यक्ति बुरी तरह घायल हुआ था। शुक्रवार को उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई। उसकी मौत ने तूल पकड़ लिया है। मृतक के परिजनों की मांग की कि एसीपी अछनेरा और इंस्पेक्टर फतेहपुर सीकरी को तत्काल प्रभाव से निलंबित किया जाए। इसके बाद ही अंतिम संस्कार किया जाएगा। पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के द्वारा आश्वासन दिया गया की कार्रवाई की जाएगी। इसके बाद परिजनों और ग्रामीणों ने अंतिम संस्कार किया। तनाव की स्थिति को देखते हुए गांव में फोर्स भी तैनात है।
गांव नगला धीरू में विगत 20 जून को घड़ी चोरी के मामले में जातीय संघर्ष हो गया था, जिसमें गंभीर रूप से घायल ब्रजकिशोर की उपचार के दौरान गत दिवस एसएन हॉस्पिटल में मौत हो गई। शव के पोस्टमार्टम के बाद आज जैसे ही पुलिस एंबुलेंस से मृतक के शव को गांव लेकर पहुंची तो क्षेत्र में आक्रोश फैल गया। बड़ी संख्या में ब्राह्मण समाज के लोग पीड़ित परिवार के घर पहुंचे। पुलिस की लापरवाही के खिलाफ आक्रोश व्यक्त कर नारेबाजी करते हुए आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई करने, पीड़ित परिवार की आर्थिक मदद, पीड़ित परिवार के एक व्यक्ति को सरकारी नौकरी देने, शस्त्र लाइसेंस समेत पूर्व में लगाए गए फर्जी एससी एसटी एक्ट के मुकदमे को खत्म करने के साथ एसीपी अछनेरा व थाना प्रभारी फतेहपुर सीकरी के निलंबन की मांग की गई। प्रभारी डीसीपी वेस्ट अतुल शर्मा, उप जिलाधिकारी किरावली सचिन राजपूत ने प्रार्थना पत्र लेकर उच्च अधिकारियों से वार्ता कर सभी मांगों को पूरी किए जाने का आश्वासन दिया। इसके बाद उन्होंने शव का अंतिम संस्कार किया। हंगामा करने वालों में परशुराम स्वाभिमान सेना के जिलाध्यक्ष खेमचंद शर्मा, गोविंद शर्मा, हेमेंद्र तिवारी, आकाश शर्मा, महेश शर्मा, निशु पंडित ,पूर्व प्रधान राजेश शर्मा , ब्लॉक प्रमुख पति गुड्डू चाहर आदि शामिल रहे।











