आगरा। गुरुवार को कागारौल के गांव बीसलपुर में गांव के बीचों बीच ठेका होने के विरोध में आक्रोशित महिलाओं ने ठेके से शराब की पेटियां निकालकर लाठी-डंडे और ईंटों से उन्हें तोड़ दिया। इसके बाद शराब की पेटियों में आग लगा दी। सूचना पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। पुलिस ने बड़ी मुश्किल से हालात को काबू में किया।
गुरुवार को गांव की औरतें एकजुट हुईं। उन्होंने ठेके पर पहुंच कर हंगामा शुरू कर दिया। कुछ महिलाएं ठेके के अंदर घुस गईं। उन्होंने शराब और बीयर की बोतलें फेंकना शुरू कर दिया। ठेके में रखी पेटियां सड़क पर पटक दीं। बोतलों को लाठी-डंडे से फोड़ दिया। इतने पर भी उनका गुस्सा शांत नहीं हुआ तो उन्होंने शराब की पेटियों में आग लगा दी। नाराज महिलाओं का कहना था कि गांव के बीचों बीच ठेका होने गांव के पुरुषों और बच्चों पर गलत प्रभाव पड़ रहा है। पुरुष सुबह से शाम तक ठेके पर बैठकर शराब पीते हैं। छोटे बच्चों को भी नशे की लत लग रही है। पुरुष शराब के लिए घर पर महिलाओं से मारपीट करते हैं। कई बार ठेका बंद कराने के लिए प्रदर्शन किया गया। मगर, ठेका बंद नहीं हुआ। पुलिस ने बड़ी मुश्किल से महिलाओं को शांत कराया।











