आगरा। न्यू आगरा इंस्पेक्टर की कार्यशैली से सभी आईपीएस अधिकारी लंबे समय से नाराज चल रहे थे। क्राइम मीटिंग में कमिश्नर ने भी कहा था कि आप अपने अधिकारियों को सूचना नहीं देते हैं। इधर क्षेत्र में लगातार लूट की घटनायें भी हो रही थीं। अंतत: पुलिस कमिश्नर ने उन्हें हटाकर अपराध शाखा में भेज दिया है।
पुलिस कमिश्नर के द्वारा बीती रात तीन तबादले किए गए हैं। थानाध्यक्ष बरहन राजीव कुमार को थानाध्यक्ष न्यू आगरा बनाया गया है। कुलदीप सिंह को अपराध शाखा से थानाध्यक्ष बरहन बनाया गया है। इंस्पेक्टर न्यू आगरा सर्वेश कुमार सिंह से पुलिस कमिश्नर भी काफी नाराज चल रहे थे। एक बार उन्होंने उन्हें क्राइम मीटिंग में खड़ा कर कहा था कि तुम तो एसीपी के खिलाफ धरना कराते हो। इसके बाद दूसरी क्राइम मीटिंग में कहा की तुम तो सूचनाएं भी नहीं देते हो। घटनाएं होने पर उच्चाधिकारियों को भी बताना चाहिए। इधर पिछले कुछ दिनों से न्यू आगरा थाने की स्थिति यह हो गई कि एसीपी सैयद अरीब अहमद को थाना चलाना पड़ रहा था। वह चार से पांच घंटे थाने में बैठते थे। पुलिस कमिश्नर ने इंस्पेक्टर को कई बार मुस्तैदी और काम बेहतर करने के मौके दिए लेकिन वह कसौटी पर खरे नहीं उतरे। इसके बाद उन्हें हटा दिया गया है।
वर्तमान में 21 थानों में थानाध्यक्ष, दरोगा खुश इंस्पेक्टर दुखी
कमिश्नरेट में वर्तमान में 22 थानों में थानाध्यक्ष हैं। इस बात को लेकर दरोगाओं में खुशी की लहर है। वहीं इंसपेक्टर के चेहरे उतरे हुए हैं। क्योंकि कई इंस्पेक्टर का रोल अच्छा है और वह शायद लाइन में धूल फांक रहे हैं।
शहर में 6 थानों में थानाध्यक्ष हैं जिनमें ट्रांस यमुना, न्यू आगरा, कमला नगर, जगदीशपुरा, महिला थाना, एमएम गेट शामिल हैं। देहात के थानों में शमसाबाद, जैतपुर, चित्राहट, बसई अरेला, मंसुखपुरा, बासोनी, खेड़ा राठौर, बरहन, अछनेरा, बमरौली कटारा, डौकी, पिनाहट, जगनेर, खेरागढ़, बसई जगनेर शामिल हैं।











