आगरा। कुलाधिपति आनंदीबेन पटेल आज आगरा में हैं। विश्वविद्यालय के गेस्ट हाउस में वह रात्रि प्रवास कर रही हैं। कुलाधिपति के द्वारा देर शाम खंदाजी परिसर स्थित गेस्ट हाउस में विश्वविद्यालय के कार्य और योजनाओं की समीक्षा भी की गई।
कुलाधिपति ने समीक्षा के दौरान पीएम-श्री योजना की प्रगति, पोर्टल संचालन की अद्यतन स्थिति, सत्र 2025-26 की प्रवेश प्रक्रिया और परीक्षा एवं परिणाम प्रक्रिया की रिपोर्ट प्राप्त की। इसके साथ ही हाल की विश्वविद्यालय अधिसूचनाओं के अलावा नैक से जुड़े दस्तावेज़ीकरण कार्य, सामाजिक उत्तरदायित्व में विश्वविद्यालय की भागीदारी, लाइब्रेरी और ई-म्यूजियम की उन्नति और भारतीय ज्ञान परंपरा से संबंधित विवि द्वारा की गई पहलों के बारे में जाना। विधि विभाग की गतिविधियां और शोध कार्य के साथ ही छात्र कल्याण योजनाओं की समीक्षा की। गेस्ट हाउस आगमन पर उच्च शिक्षा मंत्री योगेन्द्र उपाध्याय ने उनका पुष्पगुच्छ भेंट कर स्वागत किया। विश्वविद्यालय की कुलपति प्रो. आशु रानी ने भी पुष्प भेंट कर उनका अभिनंदन किया और पैर छूकर उनका आशीर्वाद लिया। इस दौरान कुलसचिव अजय मिश्रा, वित्त अधिकारी डॉ. महिमा चंद, डीन अकादमिक प्रो. मनु प्रताप सिंह, प्रो. संजय चौधरी, प्रो. अर्चना सिंह, प्रो. बृजेश रावत, प्रो. संतोष बिहारी, प्रो. शरद उपाध्याय, प्रो. भूपेंद्र स्वरुप शर्मा आदि शामिल रहे।
क्वीन एम्प्रेस मैरी लाइब्रेरी के पुनर्विकसित भवन का लोकार्पण
कैंट एरिया स्थित 125 वर्षों से अधिक पुरानी ऐतिहासिक क्वीन एम्प्रेस मैरी लाइब्रेरी के पुनर्विकसित भवन का लोकार्पण बुधवार को उत्तर प्रदेश की राज्यपाल आनंदीबेन पटेल द्वारा किया गया। उन्होंने 300 वर्ष पुरानी दुर्लभ पुस्तकों का अवलोकन कर इस ऐतिहासिक धरोहर को ज्ञान, शोध और युवा पीढ़ी के लिए प्रेरणा का केंद्र बताया।
राज्यपाल ने युवाओं को पुस्तक संस्कृति से जुड़ने का आह्वान करते हुए कहा कि ऐसे पुस्तकालय न केवल अतीत से संवाद कराते हैं, बल्कि राष्ट्र निर्माण की बौद्धिक नींव भी सुदृढ़ करते हैं। उन्होंने पुस्तकालय को ‘विरासत, विद्या और वैचारिक विकास का संगम’ बताया।
पुस्तकालय का संचालन छावनी परिषद के निवर्तमान उपाध्यक्ष डॉ. पंकज महेन्द्रू एवं सदस्य डॉ. रेनू महेन्द्रू के नेतृत्व में महेन्द्रू परिवार कर रहा है। राज्यपाल के आगमन पर डॉ. पंकज महेन्द्रू, डॉ. रेनू महेन्द्रू, अरुण महेन्द्रू, रेखा महेन्द्रू, डॉ. करन महेन्द्रू, डॉ. आकृति महेन्द्रू, डॉ. शिव महेन्द्रू और डॉ. सांची महेन्द्रू ने पुष्पगुच्छ व बच्चों की पुस्तकें भेंट कर स्वागत किया।











