आगरा। ताजनगरी में यमुना का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। हर घंटे यमुना में 10 सेंटीमीटर पानी बढ़ रहा है। वर्तमान में यमुना लो फ्लड लेवल से ऊपर बह रही है। कई जगहों पर पानी भर गया है। कुछ जगहों पर अपार्टमेंट खाली करने के लिए नोटिस भी चस्पा किए जा रहे हैं। पुलिस और प्रशासन भी पूरी तरीके से अलर्ट है
आगरा में आज सूबह यमुना का जलस्तर 497 फीट है। दयालबाग सहित कई इलाकों में पानी भर गया है। प्रशासन ने शहर में 28 इलाकों को चिन्हित किया है, जहां पर सबसे पहले पानी आने का खतरा है। इसके अलावा एक अपार्टमेंट को खाली करने का नोटिस चस्पा किया गया है। लगातार पानी बढ़ने से आगरा में बाढ़ का खतरा लगातार बढ़ता जा रहा है। यमुना में गोकुल बैराज से हर घंटे पानी छोड़ा जा रहा है। 10 घंटे में यमुना का जलस्तर एक फीट बढ़ रहा है। सोमवार सुबह सात बजे यमुना का जलस्तर 497 फीट तक पहुंच गया है, जो कि मीडियम फ्लड लेवल से केवल दो फीट कम है। यमुना में जलस्तर को देखते हुए प्रशासन की ओर से यमुना के सभी घाटों पर बेरिकेडिंग कर दी गई है। बल्केश्वर घाट, जौहरा बाग, हाथी घाट, कैलाश मंदिर घाट, दशहरा घाट पर बेरिकेडिंग की गई है।
दयालबाग में निचले इलाकों में पानी भरना शुरू हो गया है। इसके लिए प्रशासन ने दयालबाग की तनिष्क राजश्री कॉलोनी में नोटिस चस्पा किया है। कालोनी के सभी 33 मकानों को खाली करने के लिए कहा गया है।
चार बाढ़ राहत चौकी बनाई
प्रशासन ने बाढ़ को देखते हुए चार बाढ़ राहत चौकी बनाई हैं। दयालबाग में वीरी सिंह इंटर कॉलेज में बाढ़ राहत केंद्र बनाया गया है। इसके अलावा बल्केश्वर में भी केंद्र बनाया गया है।
शहरी क्षेत्र के 28 इलाकों को चिन्हित किया गया है। जलस्तर और बढ़ने पर सबसे पहले इन इलाकों में पानी घुसेगा। सिंचाई विभाग द्वारा जारी सूची में नगला बूढ़ी, अमर विहार, दयालबाग, बल्केश्वर, जसवंत की छतरी, सरस्वती नगर, राधा नगर, जीवनी मंडी, कृष्णा कालोनी, बेलनगंज, सक्सेरिया गली, यमुना किनारा रोड, वेदांत मंदिर से फोर्ट तक, स्ट्रेची ब्रिज, छत्ता बाजार, गोकुलपुरा, कछपुरा, नगला देवजीत, मारवाड़ी बस्ती, मोती महल, यमुना ब्रिज, कटरा वजीर खां, रामबाग बस्ती, अप्सरा टाकीज, भगवती बाग, राधा विहार, केके नगर, जगदंबा डिग्री कॉलेज हैं। लगातार बढ़ते जलस्तर को देखकर हर कोई परेशान है।











