आगरा। समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने शनिवार को अपनी पत्नी सांसद डिंपल यादव और राज्यसभा सदस्य जया बच्चन के साथ हजरत शेख सलीम चिश्ती की दरगाह पर पहुंचकर चादरपोशी की।
अखिलेश यादव परिवार सहित हजरत शेख सलीम चिश्ती की मजार पर पहुंचे। उन्होंने चादर अर्पित कर देश–प्रदेश की अमन, भाईचारा और खुशहाली के लिए दुआ की। दरगाह से लौटते समय उन्होंने कार्यकर्ताओं से मुलाकात की। इस दौरान कार्यकर्ताओं में भारी जोश देखने को मिला। मीडिया से बातचीत करते हुए वह बोले- भाजपा से हमने भी समीकरण बदलने की कला सीख ली है, अगले चुनाव में आगरा समेत यूपी में खेल बदलेंगे। अखिलेश यादव ने कहा कि आगरा की पहचान ताजमहल की शान, पेठे की मिठास और हैंडीक्राफ्ट्स की कला से है। उन्होंने कहा कि ऐतिहासिक स्थलों पर हजारों परिवारों का रोजगार चलता है। आज आगरा मेट्रो का जो काम दिख रहा है, यह समाजवादी सरकार की देन है, जिसे वर्तमान सरकार पूरा कर रही है। सपा अध्यक्ष ने मतदाता सूची गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) पर चिंता जताते हुए कहा कि लोग सतर्क रहें, वोट कटने नहीं देना है। सरकार वोट घटाने का काम कर रही है। आप सभी को सजग रहकर सरकार को ऐसा नहीं करने देना है। वोट कटें नहीं बल्कि जिनके वोट नहीं बने हैं, उनके नाम वोटर लिस्ट में आने चाहिए।अखिलेश यादव ने नदियों की स्थिति पर कहा कि डबल इंजन सरकार यमुना की हालत सुधार नहीं सकी। भाजपा सरकार कहती थी कि गंगा का जल बिहार तक पहुंचते ही साफ होगा, लेकिन गंगा आज भी आचमन योग्य नहीं है। उन्होंने कहा कि इसी प्रकार यमुना आगरा आते-आते नाले जैसा पानी हो जाती है। उन्होंने कहा कि लखनऊ में गोमती नदी पर हमारी सरकार ने काम किया था, जिसका नतीजा आज भी देखा जा सकता है।
उत्तर प्रदेश के आगामी विधानसभा चुनाव पर बोलते हुए सपा अध्यक्ष ने कहा कि भाजपा से हमने भी समीकरण बदलने की कला सीखी है। आगरा जिले की नौ सीटों पर भी समीकरण बदलेंगे और समाजवादी पार्टी की जीत सुनिश्चित होगी। उन्होंने कहा कि पार्टी समीकरण के हिसाब से ही टिकट और रणनीति बनाएगी।
संविधान व आरक्षण पर टिप्पणी करते हुए सपा अध्यक्ष ने कहा कि संविधान हमारी किस्मत की किताब है। उन्होंने कहा डॉ. भीमराव आंबेडकर का लिखा संविधान पीडीए (पिछड़ा–दलित–अल्पसंख्यक) के लिए किस्मत की किताब है। संविधान ने सम्मान के साथ आरक्षण देकर कमजोर वर्ग को आगे बढ़ाया। महिलाओं को भी आगे बढ़ने का रास्ता संविधान ने दिया है। उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट में जूता फेंकने वाली घटना दिखाती है कि ताकतवरों का वर्चस्व कितना गहरा है।











