आगरा। आगरा फुटवियर मैन्युफैक्चरिंग एक्सपोर्टर्स चैम्बर्स (एफमेक) द्वारा आगरा ट्रेड सेंटर में आयोजित ‘मीट एट आगरा’ के 16वें संस्करण का अंतिम दिन रविवार को कई मायनों में खास रहा।
एफमेक के अध्यक्ष पूरन डावर ने मीडिया से बातचीत में बताया कि इस वर्ष ‘मीट एट आगरा’ के तीनों दिनों में कुल 19,144 विजिटर्स ने शिरकत की। इनमें 5,187 रजिस्टर्ड बिजनेस विजिटर्स थे। इसके अलावा, बिजनेस मैनेजमेंट के 3,740 छात्र भी फेयर में शामिल हुए, जिन्होंने जूता उद्योग की बारीकियों को समझा और इसे भविष्य में एक संभावित उद्यम के रूप में देखा। जहां तक संभावित कारोबार का सवाल है, इस फेयर में लगभग 18,000 करोड़ रुपये के व्यापार की नींव रखी गई, जो हमारे लिए बेहद उत्साहजनक है। एफमेक अध्यक्ष ने कहा कि फेयर ने अपने उद्देश्यों को पहले की तरह पूरी तरह से सफलतापूर्वक पूरा किया है।
नेशनल चेंबर के अध्यक्ष अतुल गुप्ता ने इस मौके पर कहा कि आगरा के औद्योगिक विकास के लिए इस प्रकार के आयोजन मील का पत्थर साबित हो सकते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन न केवल आगरा के जूता उद्योग को बढ़ावा देते हैं, बल्कि स्थानीय उद्यमियों और उद्योग से जुड़े लोगों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी पहचान बनाने का अवसर भी प्रदान करते हैं। एफमेक का यह प्रयास अत्यंत सराहनीय है, क्योंकि यह आगरा के उद्योग को नई ऊंचाइयों पर ले जाने के साथ-साथ देश-विदेश में इसकी एक मजबूत पहचान स्थापित कर रहा है। इस प्रकार के आयोजन औद्योगिक विकास के लिए प्रेरणा स्रोत हैं और भविष्य में भी आगरा के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।
अगले वर्ष के “मीट एट आगरा” आयोजन की तिथियों की घोषणा
ऑर्गनाइजिंग कमेटी के चेयरमैन गोपाल गुप्ता ने अगले वर्ष के “मीट एट आगरा” फेयर की तिथियों की घोषणा की। उन्होंने बताया कि एग्जीबिटर्स के बीच एक सर्वेक्षण किया गया, जिसके आधार पर 2024 के इस प्रमुख व्यापारिक आयोजन के लिए तिथियाँ 7, 8 और 9 नवंबर निर्धारित की गई हैं।
दुनिया भर के व्यापारियों के लिए एक महत्वपूर्ण आयोजन है
एफमेक के कन्वीनर कैप्टन एएस राणा ने इस अवसर पर कहा कि “मीट एट आगरा” फेयर केवल आगरा के लिए ही नहीं, बल्कि देश और दुनिया भर के व्यापारियों के लिए एक महत्वपूर्ण आयोजन है। इस फेयर में लेदर, फुटवियर कंपोनेंट्स और टेक्नोलॉजी से जुड़े उत्पादों की प्रदर्शनी होती है, जिसमें विभिन्न देशों के कारोबारी भाग लेते हैं। उन्होंने बताया कि फेयर की तिथियों को अंतिम रूप देने से पहले, उन्होंने यह सुनिश्चित किया कि वे अन्य देशों में आयोजित होने वाले प्रमुख व्यापारिक आयोजनों की तिथियों को ध्यान में रखें ताकि दुनिया भर से अधिक से अधिक कारोबारी इस फेयर में भाग ले सकें और यह आयोजन वैश्विक व्यापार के लिए एक प्रमुख प्लेटफॉर्म बन सके।
आस्मा के अध्यक्ष ओपिंदर सिंह लवली ने कहा कि “मीट एट आगरा” हर साल भारतीय उद्योगों को वैश्विक बाजार में पहचान दिलाने का एक अहम अवसर बन चुका है। यह आयोजन आगरा ही नहीं दुनियां भर के फुटवियर उद्योग के लिए एक महत्वपूर्ण व्यावसायिक मंच साबित हो रहा है, जहां विभिन्न देशों के व्यापारी और उद्यमी नए व्यापारिक संबंध स्थापित करने के लिए एकत्र होते हैं।










