आगरा। एत्माउद्दौला थाना क्षेत्र में एक पीड़ित के साथ 37 दिन में दो बार मारपीट हुई। पीड़ित का आरोप है कि दबंगों पर कार्रवाई करने की जगह पुलिस ने उसके घर पर ही दबिश दे दी। मामले में पीड़ित ने विधायक से शिकायत की है। विधायक ने अधिकारियों को अवगत कराया है।
नुनिहाई क्षेत्र के रोहित चौहान का आरोप है कि हमालवर कार से उसे उठाकर ले गए। दो जगह सड़क पर गिराकर बेरहमी से पीटा। ट्रांसयमुना निवासी रोहित चौहान दो सप्ताह अस्पताल में भर्ती रहा। उसके साथ मारपीट का सुशील राजपूत की पत्नी ने विरोध किया था। हमलावरों ने सुशील और उसकी पत्नी के साथ भी मारपीट की थी। सुशील पक्ष ने इस संबंध में 21 सितंबर को मुकदमा लिखाया था। मुख्य पीड़ित रोहित अस्पताल से छुट्टी के बाद पुलिस के पास पहुंचा। तहरीर दी। पुलिस ने उसका मुकदमा नहीं लिखा। कहा कि सुशील राजपूत वाले मुकदमे में उसकी तहरीर को शामिल कर लेंगे। आरोपित एक ही हैं। तमाम प्रयासों के बावजूद रोहित का मुकदमा नहीं लिखा गया। पुलिस आरोपियों पर शिकंजा कसेगी। अपहरण और लूट की धारा लगाएगी। वह इसके लिए प्रयासरत रहा। अधिकारियों से मिला। जानकारी पर आरोपित उसके पीछे लग गए। उसे दोबारा पीटा। उस पर मुकदमा वापसी का दबाव बनाया। विवेचक सोनू कुमार ने मुकदमे में मामूली धाराओं में चार्जशीट एसीपी कार्यालय भेज दी। इस जानकारी के बाद पीड़ित ने विवेचना स्थानांतरण के प्रयास शुरू किए। आरोप है कि थाना पुलिस ने इसी बात से चेतकर उसके घर शनिवार को दबिश दी। हालांकि पुलिस दबिश की बात निराधार बता रही है।











