आगरा। एक फायर कर्मी का बेटा अपने मोबाइल में गेम खेल रहा था। पिता ने उसे टोका तो उसे बुरा लग गया। बेटे ने कनपटी में गोली मार ली। कमरे में गोली चलने की आवाज सुनकर मां व बहनें भागकर अंदर पहुंची तो 15 वर्षीय बेटे को खून से लथपथ देख एसएन मेडिकल कालेज की इमरजेंसी में लेकर गए। वहां डाक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
दमकलकर्मी मुन्नालाल मौर्य ईदगाह फायर स्टेशन परिसर स्थित सरकारी आवास में दूसरे तल पर रहते हैं। वह गांव मनपुरा थाना बड़पुर, इटावा के रहने वाले हैं। मुन्नालाल के तीन बेटी हैं। बड़ी बेटी दिल्ली में रहकर मेडिकल की पढ़ाई कर रही है। इकलौता बेटा अभिनय शिवालिक स्कूल में दसवीं का छात्र था। रात में पिता की ड्यूटी थी। उन्होंने ड्यूटी पर जाने से पहले अभिनव को मोबाइल पर गेम खेलते देख पिता ने डांट दिया। बेटे से पढ़ाई में मन लगाने को कहा। पिता के जाने के बाद अभिनव एक्टिवा लेकर निकल गया। एक घंटे बाद लौटा और सीधे अपने कमरे में चला गया। मां नीलम और दोनों बहनों को लगा कि अभिनय अभी गुस्सा है, कुछ देर बाद सामान्य हो जाएगा। रात में कमरे से गोली चलने की आवाज सुनकर मां नीलम और बहनें कमरे में भागीं। उन्होंने अभिनव को खून से लथपथ पड़ा देख मां के होश उड़ गए। अभिनव ने कनपटी में गोली मारी थी। पास में ही तमंचा पड़ा हुआ था। मां-बहनों की चीख-पुकार सुनकर दमकलकर्मी और कार्यालय में तैनात पिता वहां पहुंच गए। अभिनव को एसएन मेडिकल कालेज इमरजेंसी लेकर पहुंचे। वहां डाक्टरों ने मृ़त घोषित कर दिया।











