आगरा। सिकंदरा क्षेत्र में पुलिस ने दुबई से संचालित साइबर ठगी गिरोह के चार सदस्य गिरफ्तार किए गए हैं। आरोपियों के खातों से 10 करोड़ से अधिक की ठगी की पुष्टि हुई है। गिरोह ऑनलाइन गेमिंग ऐप और सट्टेबाजी के जरिए लोगों को शिकार बनाता था। मुख्य सरगना मोनू अभी फरार है।
पुलिस ने आरोपियों के पास से 2.16 लाख नकद, 78 एटीएम/डेबिट कार्ड, मोबाइल फोन, लैपटॉप और कई बैंकों से जुड़े अहम दस्तावेज बरामद किए हैं। जांच में सामने आया है कि इन खातों के माध्यम से 10 करोड़ रुपये से अधिक की साइबर ठगी की जा चुकी है। गिरफ्तार आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि वे अन्ना रेड्डी, सुपर 100 और महादेव जैसे कुख्यात ऑनलाइन गेमिंग ऐप के जरिए लोगों को लालच देकर फंसाते थे। इसके बाद भोले-भाले लोगों के नाम पर बैंक खाते खुलवाए जाते, उनसे चेकबुक, पासबुक और डेबिट कार्ड ले लिए जाते और ठगी की रकम उन्हीं खातों में मंगाई जाती थी। रकम आने के बाद आरोपी एटीएम से पैसा निकालकर विभिन्न खातों के जरिये दुबई में बैठे मास्टरमाइंड को भेज देते थे। ठगी की रकम में से 40 प्रतिशत हिस्सा आरोपियों को और 60 प्रतिशत हिस्सा फिरोजाबाद निवासी मोनू को दिया जाता था, जो इस पूरे नेटवर्क का सरगना है। फिलहाल मोनू फरार है और उसकी तलाश में पुलिस लगातार दबिश दे रही है।पु लिस के अनुसार, बरामद खातों पर एनसीआरबी पोर्टल पर 31 साइबर अपराधों की शिकायतें पहले से दर्ज हैं। इतना ही नहीं, पूछताछ में यह भी खुलासा हुआ कि आरोपी ऑनलाइन सट्टा खिलाने के धंधे में भी सक्रिय थे और साइबर ठगी के साथ-साथ अवैध जुए के नेटवर्क को भी चला रहे थे।











