आगरा। जलकल विभाग में पाइपलाइन मरम्मत और नई लाइन बिछाने के नाम पर हुए भ्रष्टाचार व अन्य गंभीर मामलों में जांच कमेटी का सहयोग नहीं करने पर महाप्रबंधक अरुणेंद्र कुमार राजपूत को शासन ने गुरुवार शाम को निलंबित कर दिया है।
जलकल विभाग द्वारा शहर में जलापूर्ति की जाती है। 1600 किलोमीटर लंबी पाइप लाइनों की मरम्मत और नई लाइन बिछाने का कार्य विभाग के पास है। विभाग में साढ़े चार करोड रुपए का खेल हुआ है। इसकी शिकायत दिसंबर 2025 से की जा रही है। एक भी शिकायत की जांच महाप्रबंधक एके राजपूत के द्वारा नहीं कराई गई। शिकायतों को फर्जी बताते हुए रिपोर्ट भी लगा दी गई। नगर आयुक्त अंकित खंडेलवाल के आदेश पर अपर नगर आयुक्त की निगरानी में जांच के लिए कमेटी बनाई गई। जांच के दौरान फाइलें भी गायब कर दी गई। इसके साथ ही कर्मचारियों को बचाने का भी प्रयास किया गया। जांच में यह भी पाया गया की नियुक्तियों में भी गड़बड़ी हुई है। इसके बाद नगर आयुक्त ने शासन को कार्रवाई के लिए चिट्ठी लिखी थी। उनके वित्तीय अधिकार भी सीज कर दिए थे। गुरुवार को प्रमुख सचिव पी गुरु प्रसाद ने एके राजपूत को निलंबित कर दिया है। संघ भूषण को कार्यवाहक महाप्रबंधक बनाया गया है।











