आगरा। बुधवार को दीवानी से गैंगस्टर के आरोपी के भागने का मामला सुर्खियों में छाया हुआ है। मामले में नई कहानी सामने निकल कर आई है। हेड कॉन्स्टेबल ने खुद ही अपने सिर में ईंट से हमला कराया था और कहानी रची थी कि विनय को छुड़ाने के लिए आये उसके साथियों ने उसके सिर में ईंट मारकर उसे घायल कर दिया था। देर रात न्यू आगरा थाने में दर्ज हुए मुकदमे में हेड कॉन्स्टेबल और मुंशी को भी नामजद कराया गया है।
बता दें कि फिरोजाबाद निवासी विनय श्रोतीय वर्ष 2018 से जेल में बंद था। कल वह पेशी पर आया था। हेड कॉन्स्टेबल अनुज प्रताप सिंह ने अधिकारियों को बताया था कि विनय के कुछ साथी आए और उसके सिर पर ईंट से हमला कर उसे छुड़ाकर ले गए। पुलिस रात तक कहानी को सच मानती रही, लेकिन देर रात जब हेड कॉन्स्टेबल से कड़ाई से पूछताछ हुई तो कहानी कुछ और निकली। हेड कॉन्स्टेबल अनुज प्रताप सिंह से पूछताछ में पता चला कि विनय का एक साथी सोनू कुशवाह उससे मिलने के लिए दीवानी में आया था। विनय के हवालात से निकलने के बाद सोनू उसके पास पहुंचा और उसके पैर छुए। इसके बाद विनय के गले में हाथ डालकर एक अधिवक्ता के बिस्तर पर पहुंचा। वहां पर विनय ने सोनू का मोबाइल लेकर किसी से फोन पर बात की और अचानक गायब हो गया। विनय के गायब होने के बाद हेड कांस्टेबल अनुज प्रताप सिंह ने सोनू से उसके बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि मैं तो आपके ही साथ हूं। मुझे नहीं पता विनय कहां चला गया। इसके बाद हेड कॉन्स्टेबल को अपने निलंबन का डर सताने लगा। हेड कॉन्स्टेबल ने सोनू कुशवाहा से कहा कि तुम मेरे सिर पर ईंट से हमला कर दो। मैं अधिकारियों को बोल दूंगा कि विनय के साथी मेरे ऊपर हमला कर विनय को छुड़ाकर ले गए हैं और विनय जाते-जाते मोबाइल भी लेकर भाग गया है। हुआ भी यही हेड कॉन्स्टेबल ने यही कहानी विनय के भागने के एक घंटे बाद प्रभारी आरपी सिंह को बताई। आरपी सिंह ने तत्काल प्रभाव से कंट्रोल रूम में सूचना दी। वहीं सोनू का मोबाइल नंबर भी सर्विलांस पर लगवाया। सूत्रों की मानें तो विनय, सोनू के मोबाइल को कारगिल पेट्रोल पंप के पास कहीं फेंक कर चला गया था। अंतिम लोकेशन वहीं की निकली। इधर अधिकारियों को भी सूचना दी गई जिसके बाद आईजी और एसएसपी मौके पर पहुंचे। दीवानी चौकी प्रभारी अंकुश धामा की ओर से देर रात न्यू आगरा थाने में विनय के भागने को लेकर मुकदमा दर्ज कराया गया है, जिसमें विनय उसको भगाने के लिए आए उसके साथी सोनू, छोटू पिन्टा, राहुल, हेड कॉन्स्टेबल अनुज प्रताप सिंह, मुंशी अनुराग राणा, रवि आदि को आरोपी बनाया गया है। इधर पुलिस की कई टीमें विनय को पकड़ने के लिए फिरोजाबाद में दबिश दे रही हैं लेकिन उसका कोई सुराग नहीं मिल रहा है। एसएसपी प्रभाकर चौधरी स्वयं पूरे केस की मॉनिटरिंग कर रहे हैं। विनय की गिरफ्तारी को लेकर एसएसपी पूरी रात सोए भी नहीं है। इधर पूरी रात एसपी सिटी विकास कुमार और एएसपी सत्यनारायण जी जांच पड़ताल में लगे रहे।











