आगरा। जीवनी मंडी चौकी पर युवक को थर्ड डिग्री दिए जाने के मामले में मामला गरमा गया है। समाजवादी पार्टी के द्वारा चौकी का करके आरोपी पुलिस कर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने की मांग की गई। इधर मामले में इंस्पेक्टर पर भी कार्रवाई कर दी गई है उन्हें थाने से हटा दिया गया है।
सैंया थाना क्षेत्र के गांव वीरई निवासी नरेंद्र कुशवाह ने डीसीपी सिटी सैयद अली अब्बास से शिकायत करते हुए बताया था कि वह अपने भाई धीरज कुशवाह के साथ आगरा में टेंपो से दूध सप्लाई का काम करता है। नरेंद्र खुद टेंपो चलाना नहीं जानता और केवल उसमें बैठा रहता था। घटना के दिन जीवनी मंडी क्षेत्र के गरीब नगर के बाहर उनका टेंपो खड़ा था। उसका भाई दूध देने गली में गया हुआ था। चौकी प्रभारी और पुलिसकर्मी उसके पास पहुंच गए और टेंपो लेकर चलने के लिए बोला। नरेंद्र ने कहा कि उसे टेंपो चलाना नहीं आता है। यह उसका भाई ही चलाता है। आरोप है कि इसी बात पर पुलिसकर्मियों का गुस्सा भड़क उठा और नरेंद्र के गाल पर थप्पड़ जड़ दिए। इसके बाद उसे जबरन चौकी ले जाकर पैरों के तलवों पर डंडों से बेरहमी से वार किए गए। पैर के अंगूठे का नाखून तक उखाड़ दिया गया। नरेंद्र की गंभीर हालत के बावजूद उसे शांति भंग की धाराओं में चालान कर दिया गया। इतना ही नहीं, दरोगा पर मोबाइल फोन और जेब में रखे 1800 रुपये छीनने का भी आरोप है। मामले में चौकी प्रभारी रविंद्र कुमार को सस्पेंड कर दिया गया। इधर रविवार को समाजवादी पार्टी के कार्यकर्ता भी चौकी पर हंगामा करने पहुंच गए। उन्होंने आरोपी पुलिसकर्मियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किए जाने और पीड़ित को मुआवजा दिए जाने की मांग की। मांग नहीं माने जाने पर आंदोलन की चेतावनी दी। पुलिस कमिश्नर की ओर से इंस्पेक्टर को भी हटा दिया गया है।











