आगरा। भोपाल में एक महीने पहले सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी की हत्या हुई थी। हत्यारा लगातार पुलिस को चकमा दे रहा था पुलिस उसे पकड़ नहीं पा रही थी। उस पर 50 हजार का इनाम भी घोषित हो गया था। वांछित आगरा में अपनी प्रेमिका से मिलने आया था। पुलिस ने उसे पकड़ने का प्रयास किया तो उसने पुलिस पर फायरिंग कर दी। जवाबी फायरिंग में वह घायल हो गया और पुलिस ने उसे दबोच लिया।
भोपाल के सूरज नगर मे 30 सितंबर 2026 को सेवानिवृत्त आईएएस अधिकारी राकेश अग्रवाल की उनके घर में गला रेतकर हत्या कर दी गई थी। सनसनीखेज हत्या के बाद केयरटेकर वरुण कुमार फरार था।
भोपाल पु़लिस की टीमें वरुण कुमार की तलाश में ग्वालियर, मथुरा के वृंदावन और पंजाब समेत कई स्थानों पर लगातार दबिश दे रही थीं। आरोपित की लोकेशन आगरा और मथुरा आ रही थी। भोपाल पुलिस ने आरोपित की फोटो आगरा और मथुरा पुलिस को भी भेजी थी। एसआईटी द्वारा छानबीन के दौरान पता चला कि वरुण कुमार की महिला मित्र आगरा में रहती है। जिसके बाद एसआईटी मथुरा और आगरा में दस दिन से डेरा डाले हुए थी। भोपाल पुलिस ने सोमवार को आरोपित को सिकंदरा हाईवे पर रुनकता क्षेत्र से दबोच लिया। भोपाल पुलिस आयुक्त संजय कुमार ने वहां पर प्रेसवार्ता में बताया कि आरोपित वरुण की लोकेशन मथुरा और आगरा में मिल रही थी। जिन स्थानों पर पुलिस टीमों को आरोपित की लोकेशन मिल रही थी, वहां पर पांच दिन से भोपाल पुलिस की टीमें रिक्शा चालक और सब्जी की ठेलों पर फेरी वाले बनकर घूम रहे थे। इसी दौरान आगरा के सिकंदरा हाईवे स्थित रुनकता क्षेत्र में आरोपित वरुण कुमार को दबोच लिया गया।











