आगरा। दीवानी से कैदी के भागने के मामले में लापरवाही बरतने पर दो पुलिसकर्मियों को एसएसपी ने निलंबित कर दिया है। आज एक पुलिसकर्मी को कोर्ट में भी पेश किया गया था। कोर्ट ने पुलिसकर्मी को जमानत दे दी है। इधर आईजी नचिकेता झा ने फरार होने वाले विनय के ऊपर 50,000 का इनाम घोषित कर दिया है।
बता दें कि फिरोजाबाद निवासी विनय श्रोतीय वर्ष 2018 से जेल में बंद था। कल वह पेशी पर आया था। हेड कॉन्स्टेबल अनुज प्रताप सिंह ने अधिकारियों को बताया था कि विनय के कुछ साथी आए और उसके सिर पर ईंट से हमला कर उसे छुड़ाकर ले गए। पुलिस रात तक कहानी को सच मानती रही, लेकिन देर रात जब हेड कॉन्स्टेबल से कड़ाई से पूछताछ हुई तो कहानी कुछ और निकली। हेड कॉन्स्टेबल अनुज प्रताप सिंह से पूछताछ में पता चला कि विनय का एक साथी सोनू कुशवाह उससे मिलने के लिए दीवानी में आया था। विनय के हवालात से निकलने के बाद सोनू उसके पास पहुंचा और उसके पैर छुए। इसके बाद विनय के गले में हाथ डालकर एक अधिवक्ता के बिस्तर पर पहुंचा। वहां पर विनय ने सोनू का मोबाइल लेकर किसी से फोन पर बात की और अचानक गायब हो गया। विनय के गायब होने के बाद हेड कांस्टेबल अनुज प्रताप सिंह ने सोनू से अपने सिर पर ईंट से हमला करा लिया था। देर रात न्यू आगरा थाने में दर्ज हुए मुकदमे में हेड कॉन्स्टेबल अनुज प्रताप सिंह और मुंशी अनुराग राणा का नाम भी शामिल है। आज अर्जुन प्रताप सिंह और सोनू कुशवाहा को कोर्ट में पेश किया गया। सोनू कुशवाहा को कोर्ट ने जेल भेज दिया। अनुज प्रताप सिंह को जमानत दे दी है। इधर एसएसपी प्रभाकर चौधरी ने लापरवाही बरतने के मामले में हेड कॉन्स्टेबल अनुज प्रताप सिंह और मुंशी अनुराग राणा को निलंबित कर दिया है।










