आगरा। नेशनल चैंबर आफ इंडस्ट्रीज एंड कॉमर्स के होटल क्लार्क शीराज़ में हुए आयकर पर सेमिनार में मुख्य अतिथि अभिनेता व नेता राज बब्बर ने कहा कि राम मंदिर के चढ़ावे में चोरी निंदनीय है। राजनीतिक दलों में टूट-फूट के सवाल पर कहा कि लोकतंत्र पर तलवार लटक रही है। सभी राजनीतिक दलों को बैठकर सोचना होगा। किसी एक पार्टी पर टिप्पणी करने से कुछ नहीं होगा। सभी को इस पर बैठकर विचार करना होगा। राज बब्बर ने नेशनल चैंबर को आयकर पर कार्यक्रम के लिए बधाई दी। कहा कि आगरा में जूता, पर्यटन बड़े उद्योग हैं।
उद्योगपतियों, व्यापारियों और करदाताओं को आयकर कानूनों की नवीनतम जानकारियों से अवगत कराने के उद्देश्य से शनिवार को होटल क्लार्क्स शिराज में चैम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री द्वारा वृहद आयकर सेमिनार का आयोजन किया गया। सेमीनार में आयकर अधिनियम-2025, करदाताओं के अधिकार एवं कर्तव्य, विभागीय नोटिसों का उत्तर देने की प्रक्रिया, सर्च एवं सर्वे की कार्रवाई, कानून के दुरुपयोग से संरक्षण तथा डिजिटल कर प्रणाली जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर विशेषज्ञों ने विस्तार से जानकारी दी। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि पूर्व सांसद राजबब्बर, मुख्य वक्ता कपिल गोयल व रानो जैन ने करदाताओं को कानून की बारीकियों से अवगत कराया। अध्यक्ष मनोज बंसल ने कहा कि सेमीनार का उद्देश्य उद्योगपतियों एवं व्यापारियों को आयकर अधिनियम-2025 तथा कर संबंधी नई व्यवस्थाओं की सरल और व्यवहारिक जानकारी उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि विशेषज्ञों द्वारा सरल भाषा में कानून की जानकारी दी जाएगी तथा प्रश्नोत्तर सत्र के माध्यम से प्रतिभागियों की जिज्ञासाओं का समाधान भी किया जाएगा। पूर्व अध्यक्ष एवं आयकर प्रकोष्ठ के चेयरमैन अनिल वर्मा ने मुख्य अतिथि एवं वक्ताओं का परिचय कराया। उन्होंने बताया कि सेमीनार में वर्तमान परिप्रेक्ष्य में करदाताओं के अधिकार एवं कर्तव्य, आयकर विभाग के विभिन्न नोटिसों का उत्तर देने की विधि, नए कर कानूनों की मूलभूत अवधारणाएं, कानून के दुरुपयोग से करदाताओं का संरक्षण तथा आयकर अधिनियम-2025 के अंतर्गत सर्वे, सर्च एवं जब्ती की कार्रवाई जैसे विषयों पर विस्तृत चर्चा की जाएगी। मुख्य वक्ता डॉ. कपिल गोयल ने वर्तमान परिप्रेक्ष्य में करदाताओं के अधिकार एवं कर्तव्य विषय पर विस्तार से जानकारी दी। उन्होंने कहा कि करदाता देश की अर्थव्यवस्था के महत्वपूर्ण भागीदार हैं और उन्हें आयकर कानून के अंतर्गत अनेक अधिकार प्राप्त हैं। साथ ही समय पर आयकर रिटर्न दाखिल करना, सही आय का विवरण देना तथा कर कानूनों का पालन करना प्रत्येक करदाता का दायित्व है।










