आगरा। खेरागढ़ में सिपाही को गोली मारने वाले दो और खनन माफिया से जगनेर और सैया पुलिस की मुठभेड़ हो गई। दोनों के पैर में गोली लगी है। एक 25 हजार का इनामी है। मुख्य आरोपी सत्य प्रकाश को पुलिस ने शनिवार सुबह मुठभेड़ के बाद गिरफ्तार किया था। अभी तक पुलिस ने 14 आरोपियों को पकड़ लिया है, जिसमें 6 से मुठभेड़ हुई है और पुलिस की जवाबी फायरिंग में उनके पैर में गोली लगी है।
खेरागढ़ में सात सितंबर को बालू से भरी ट्रॉली कीचड़ में फंस गई थी। इसकी सूचना पर एसआई वरदानी लाल टीम के साथ मौके पर पहुंचे। पुलिस को देखकर खनन माफिया ने गोलियां चलाईं। सिपाही अजय कुमार के सिर में गोली लगी। जब इंस्पेक्टर जीप से घायल सिपाही को लेकर आगरा आ रहे थे, तो भी माफिया और उसके गुर्गों ने उनकी गाड़ी में ट्रैक्टर से टक्कर मारी। 18 लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया था। पुलिस ने सबसे पहले सात गुर्गे पकड़े। मंगलवार को पुलिस ने दो आरोपी और पकड़े थे, उनके नाम राजू और प्रदीप थे। राजू के पैर में गोली लगी थी। शनिवार सुबह पुलिस की तीन खनन माफिया से और मुठभेड़ हुई थी। पुलिस की जवाबी फायरिंग में मुख्य अभियुक्त सत्यप्रकाश उर्फ सत्तो, नेत्रपाल उर्फ नित्तो निवासी विधौली और विनोद निवासी फद्दीपुरा, थाना सिविल लाइन, मुरैना, मध्यप्रदेश के पैर में गोली लगी थी जिसके बाद पुलिस ने उन्हें पकड़ लिया था। बीती देर रात पुलिस चेकिंग कर रही थी। एसीपी खेरागढ़ इमरान अहमद ने बताया कि जगनेर रोड पर एक आरोपी ने पुलिस के ऊपर फायरिंग की। पुलिस की जवाबी फायरिंग में उसके पैर में गोली लग गई। पूछताछ करने पर उसने अपना नाम देवेंद्र बताया। वह 25 हजार का इनामी है। एसीपी सैया देवेश सिंह ने बताया कटी पुल के पास पुलिस चेकिंग पर थी। पुलिस को देख विनोद नाम के आरोपी ने पुलिस के ऊपर फायरिंग कर दी। जवाबी फायरिंग में विनोद के पैर में गोली लगी है, उसे पकड़ लिया गया है।











