आगरा। उज्जैन से दर्शन कर लौट रहे ब्रज क्षेत्र कार्यालय प्रभारी की आज सुबह सड़क हादसे में मौत हो गई है। अन्य भाजपा नेताओं को भी चोटें आईं हैं। ब्रज क्षेत्र कार्यालय प्रभारी की मौत से भाजपा कार्यकर्ताओं में शोक की लहर दौड़ गई है।
संजीव भारद्वाज मूल रूप से बरेली के रहने वाले थे। वह लंबे समय तक आगरा में विद्यार्थी परिषद में संगठन मंत्री के पद पर रहे। इस दौरान उन्होंने विश्वविद्यालय में कई बड़े आंदोलन किए। विश्वविद्यालय में जब भी बड़े आंदोलन की बात आती है तो संजीव भारद्वाज का नाम अवश्य आता है। संगठन मंत्री के बाद वह भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए। भाजपा के वर्तमान में राष्ट्रीय महामंत्री सुनील बंसल के साथ उन्होंने विद्यार्थी परिषद में काम किया था। जब वह उत्तर प्रदेश में प्रदेश संगठन मंत्री थे तो उन्हें उन्होंने लखनऊ कार्यालय में चुनाव संबंधी कार्य की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी संजीव भारद्वाज को दी। वर्ष 2017 के विधानसभा चुनाव में डाटा एकत्रित करने में उन्होंने बहुत महत्वपूर्ण जिम्मेदारी निभाई थी। प्रदेश संगठन मंत्री सुनील बंसल के राष्ट्रीय महामंत्री बनने के बाद धर्मपाल सिंह प्रदेश संगठन मंत्री बन गए। वह उनके भी करीबी माने जाते थे, उनके साथ भी उन्होंने आगरा में विद्यार्थी परिषद में लंबे समय तक काम किया था। प्रदेश संगठन मंत्री धर्मपाल सिंह ने संजीव भारद्वाज को आगरा में ब्रज क्षेत्र कार्यालय प्रभारी बनाकर भेजा था। यहां उन्होंने कई चुनाव में भारतीय जनता पार्टी की जीत का परचम लहराने में अपना योगदान दिया। बताया जा रहा है कि वह पार्षद विजय वर्मा सहित कई लोगों के साथ शनिवार को उज्जैन महाकाल के् दर्शम करने के लिए गए थे। दर्शन करने के बाद वह अर्टिगा कार से लौट रहे थे। सुबह करीब 5:00 बजे पार्वती नदी के पास कार का पिछला टायर फट गया, जिस वजह से कार अनियंत्रित होकर पलटे खाते हुए पलट गई। इसमें सभी कार्यकर्ता घायल हो गए। पार्षद विजय वर्मा सभी को अस्पताल में ले गए। यहां पर चिकित्सकों ने संजीव भारद्वाज को मृत घोषित कर दिया। पीछे बैठे भाजपा कार्यकर्ताओं में सरवन कश्यप, मुकुल फौजदार को भी चोटें आई हैं, उनका उपचार चल रहा है। उनकी मौत की खबर जैसे ही उनके परिजनों को दी परिजनों का रो-रो कर बुरा हाल था। उनकी माता जी का भी स्वास्थ्य खराब रहता है। कई महीनो से उनका नेमिनाथ हॉस्पिटल में उपचार चल रहा था। छोटे भाई आलोक लखनऊ भारतीय जनता पार्टी कार्यालय में हैं। संजीव भारद्वाज की मौत की खबर सुनकर राष्ट्रीय संगठन मंत्री सुनील बंसल और प्रदेश संगठन मंत्री धर्मपाल सिंह की भी आंखें नम हो गई। दोनों का ही संजीव से गहरा लगाव था।












