आगरा। सिकंदरा के अरतोनी में रहने वाले एक बिजली मिस्त्री का शव आज उसके मकान में मिला। वह तीन दिन से अपने घर में ही बंद था। पत्नी और बच्चों को उन्होंने मायके भेज दिया था। परिजनों ने कुछ दबंगों पर आरोप लगाया है कि उन्होंने विशंभर को इतनी बुरी तरीके से पीटा था कि उसकी मौत हो गई है।
विशंभर अपनी पत्नी ममता और चार बच्चों के साथ अरतोनी में रहता था । वह बिजली मिस्त्री था। कुछ महीने पहले उन्होंने गांव के ही एक युवक को दो हजार रुपये उधार दिए थे। वह युवक से पैसा वापस करने के लिए लगातार तगादा कर रहे थे। इस बात को लेकर युवक ने गांव के कुछ दबंगों को बुला लिया। पत्नी ममता का आरोप है कि दबंगों ने विशंभर को लाठी-डंडों से बुरी तरीके से पीटा, जिससे वह दहशत में आ गया। चारों बच्चों के साथ अपनी पत्नी को उसने मायके फतेहपुर सीकरी भेज दिया। विशंभर के पिता सिकंदरा में एक फार्महाउस में चौकीदार हैं, उन्हें भी घर आने के लिए मना कर दिया। वह 14 अप्रैल से घर में बंद था। आज कुछ पड़ोसी उसे बुलाने के लिए उसके घर पहुंचे। काफी दरवाजा खटखटाया लेकिन अंदर से दरवाजा नहीं खुला। इसके बाद वह दरवाजा खोल कर अंदर घुसे। अंदर जाकर देखा तो उसका शव जमीन पर पड़ा हुआ था। जानकारी पर पुलिस भी मौके पर पहुंच गई। इंस्पेक्टर बलवान सिंह का कहना है कि शव का पोस्टमार्टम कराया जा रहा है।











