आगरा। एत्माउद्दौला थाना क्षेत्र में दबंगई करने के लिए मशहूर रामवीर सिसोदिया उनके भाई और बेटे के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज हुआ है। आरोप है कि उन्होंने अपने यहां काम करने वाले एक नौकर को गायब कर दिया है। गायब नौकर के परिजनों ने भी अनहोनी की आशंका जताई है। मामले की गंभीरता को देखते हुए इंस्पेक्टर ने आरोपियों को पकड़ने के लिए 30 से 35 पुलिसकर्मियों से दबिश भी डलवाई, लेकिन सभी आरोपी फरार मिले। पुलिस सभी को पकड़ने के लिए जुटी हुई है।
जितेंद्र शर्मा पुत्र मुरारी लाल शर्मा निवासी भिंड ने थाने पहुंचकर बताया कि उनके चाचा राजवीर पिछले 19 साल से रामवीर सिसोदिया निवासी शोभा नगर के फार्म हाउस पर कार्य कर रहे थे। बीच-बीच में वह भिंड में आते जाते थे। अंतिम बार जुलाई 2026 में उनके मोबाइल फोन पर उनके चाचा से बात हुई थी। जितेंद्र ने उन्हें बताया था कि आपकी माता जी का 28 जून को देहांत हो गया है, जिनकी 10 जुलाई को तेहरवीं है। आप घर आ जाना। इस पर उन्होंने कहा कि यह लोग हमको छुट्टी दे देते हैं तो आ जाऊंगा। बातचीत के दौरान वह कुछ परेशान लगे। जितेंद्र ने उनसे पूछा भी लेकिन उन्होंने टाल दिया। 2 अक्टूबर को रामवीर सिसोदिया ने फोन करके बताया कि आपके चाचा एक अक्टूबर को यहां से चले गए हैं जो अभी तक वापस नहीं आए हैं। उनका मोबाइल और कपड़ा यमुना के किनारे मिला था। सूचना पर जितेंद्र अपने पिता मुरारी लाल शर्मा और रिश्तेदारों के साथ आगरा में आ गए। यहां उन्होंने रामवीर सिसोदिया के घर पहुंचकर उनसे घटना के बारे में जानकारी की तो रामवीर सिसोदिया उनके भाई बृजमोहन, बेटा अशोक सिसोदिया, नौकर प्रेम शंकर और मनोज बघेल मिले उन्होंने कोई संतुष्टि जनक जवाब नहीं दिया और गाली देते हुए उन्हें वहां से भगा दिया। वह थाने पहुंचे। इंस्पेक्टर देवेंद्र दुबे ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल मुकदमा दर्ज किया और आरोपियों के बारे में जब यह पता चला वह दबंग प्रकृति के हैं तो 30 से 35 पुलिसकर्मियों की टीम उन्हें गिरफ्तार करने के लिए भेजी। मुकदमे की भनक लगते ही आरोपी घरों से फरार हो गए। सभी का आपराधिक इतिहास भी है। रामवीर सिसोदिया के ऊपर पांच उनके भाई बृजमोहन के ऊपर तीन, बेटे अशोक के ऊपर पांच मुकदमे दर्ज हैं।











