आगरा। ट्रान्स यमुना थाना क्षेत्र में एक घर में घुसकर महिला के साथ मारपीट कर लूट की गई थी। शिकायत पर एक अंडर ट्रेनी दरोगा पहुंचा था। इंस्पेक्टर मौके पर ही नहीं गए थे। वह घटना को संदिग्ध मान रहे थे। मीडिया में मामला सुर्खियों में आने के बाद मुकदमा दर्ज हुआ था। पुलिस कमिश्नर भी इंस्पेक्टर की कार्यशैली से नाराज हुए थे। सोमवार को पुलिस ने आरोपी को पकड़ घटना का खुलासा किया। इसके बाद यह सिद्ध हो गया कि घटना हुई थी। पुलिस की सोच गलत निकली।
कालिंदी विहार सी ब्लाक में राहुल कुमार शर्मा का परिवार रहता है। वह खंदौली स्थित पंजाब नेशनल बैंक में कैशियर हैं। दो बच्चे हैं। प्रिंस और परी। दोनों स्कूल गए थे। घर पर गृहस्वामिनी गुड़ियां अकेली थीं। घर का काम कर रही थीं। कपड़े डालने छत पर गई थीं। तभी उन्होंने मेन गेट खुला देखा। वह नीचे आईं। कमरे के दरवाजे तक ही आ पाईं थीं एक युवक ने उन्हें दबोच लिया। युवक ने काले रंग का मास्क लगा रखा था। गुड़िया ने बताया कि बदमाश घसीटता हुआ उन्हें कमरे में ले गया। पलंग पर पटक दिया। चुन्नी से उनका गला घोंटने लगा। मंगलसूत्र खींचने लगा। पता नहीं कहां से उनमें हिम्मत आ गई। बदमाश के पूरी ताकत से एक लात मारी। बदमाश जमीन पर गिर पड़ा। उसके बाद उठा और उनके साथ मारपीट शुरू कर दी। उनका मंगलसूत्र छीन लिया। कान के कुंडल उतरवा लिए। सफाई के दौरान उन्होंने अंगूठी उतारकर रख दी थी। बदमाश ने उसे भी उठा लिया। पास ही मोबइल रखा था। उसे भी कब्जे में ले लिया। उन्हें धक्का देकर पलंग पर गिरा दिया। कमरे की बाहर से कुंडी बंद करके भाग गया। बदमाश के भागने पर उन्होंने शोर मचाया। पड़ोसियों ने आकर दरवाजा खोला। पति को सूचना दी। उसके बाद 112 नंबर पर फोन किया। शिकायत पर एक अंडर ट्रेनी दरोगा पहुंचा था। इंस्पेक्टर भानु यादव ने घटना को गंभीरता से नहीं लिया था। मीडिया में मामला सुर्खियों में आने के बाद अधिकारियों के आदेश पर मुकदमा दर्ज हुआ था। जांच में घटना सही निकली। आरोपी विजय जुरेल को गिरफ्तार कर लिया। उसने बताया वह महिला का कई दिन से पीछा कर रहा था। वह उससे बात करने गया था। मास्क लगाए था। महिला नहीं पहचान पाई। इसके बाद उसने लूट कर ली।











