आगरा। जानलेवा हमले सहित एक अन्य धारा को हटाने के लिए शाहगंज थाने के सिपाही ने पैसे वसूले। पैसे की डिलीवरी जूस की दुकान पर हुई थी। पैसे लेने के बाद भी धारा नहीं हटी। मामले में ऑडियो वायरल हो गया है। जिस व्यक्ति के खिलाफ मुकदमा लिखा गया है उसे पूर्व में जगदीशपुरा थाने से भी एनडीपीएस में जेल भेजा गया था। व्यक्ति ने आरोप लगाया था कि उसे फर्जी मुकदमे में फंसाया गया है। जांच होने के बाद मामले में दोषी पाए जाने पर तत्कालीन एसएसपी सुधीर कुमार सिंह ने 6 पुलिसकर्मी निलंबित किए थे।
मामला शाहगंज थाने का है। सितंबर के महीने में अधिवक्ता सहित दो लोगों पर हमला हुआ था। गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज है। पुलिस पांच आरोपित गिरफ्तार करके जेल भेज चुकी है। सोशल मीडिया पर वायरल ऑडियो मुकदमे में नामजद एक आरोपित और सिपाही का बताया जा रहा है। जिस दौरान दोनों के बीच बातचीत हुई थी सिपाही शाहगंज थाने में तैनात था। सिपाही का गैर जनपद स्थानांतरण हो रखा था। कुछ समय पूर्व उसकी रवानगी पुलिस लाइन के लिए हो गई थी। थाने में तैनाती के दौरान कई लोगों का करीबी था। बड़े मामलों में ठेके लिया करता था। ऑडियो में सिपाही पुलिस की एक शाखा में तैनात पुलिस कर्मियों के लिए भी उल्टा सीधा बोल रहा है। बताया जा रहा है कि सिपाही की बातचीत मुकदमे में नामजद अमित कुमार से हो रही है। ऑडियो में सिपाही उससे बोल रहा है कि धारा 307 और 308 हट जाएगी। सिपाही ने कुछ और पैसे भी मांगे हैं। ऑडियो में 30 हजार लिए जाने की बात का जिक्र है। शेष रकम काम होने के बाद मिलेगी यह भी बातचीत भी है। सिपाही थाने से हट गया। रुपये भी चले गए और काम भी नहीं हुआ। इस संबंध में अमित कुमार ने पुलिस के आला अधिकारियों से भी शिकायत की है। शिकायत में उसने आरोप लगाया है कि मुकदमे में जो धाराएं लगाई गई हैं वह मेडिकल के आधार पर नहीं हैं। पुलिस उस पर इस मुकदमे के जरिए दबाव बनाने का प्रयास कर रही है।
6 पुलिसकर्मी हुए थे निलंबित
जून 2022 में जगदीशपुरा पुलिस ने जितेंद्र सिंह और अमित सिंह को गिरफ्तार करके जेल भेजा था। अमित सिंह की शिकायत पर तत्कालीन आईजी रेंज नचिकेता झा ने दूसरे जनपद से जांच कराई थी। तत्कालीन एसएसपी सुधीर कुमार सिंह ने जगदीशपुरा थाने में तैनात तीन दरोगा और तीन सिपाहियों को निलंबित किया था। उस समय तत्कालीन एसएसपी ने बताया था कि पुलिस ने गैंगस्टर सनी कबाड़िया से ठेका लेकर दो लोगों को फर्जी मामले में जेल भेजा था। उस समय दारोगा ऋषिपाल सिंह, मनोज कुमार, अर्जुन प्रताप सिंह और सिपाही राजीव कुमार, दीपक राणा व गौरव डागर को निलंबित किया गया था।











